नयी दिल्ली, 21 जुलाई केंद्र सरकार ने सोमवार को राज्यसभा को सूचित किया कि वर्ष 2014 के बाद से सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम (एमएसएमई) क्षेत्र में उद्यम और उद्यम सहायक पोर्टल के माध्यम से 34 करोड़ से अधिक लोगों को रोजगार मिला है।
केंद्रीय सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम मंत्री जीतन राम मांझी ने प्रश्नकाल के दौरान उच्च सदन में पूरक प्रश्नों के उत्तर में यह जानकारी दी।
मांझी ने कहा कि पैसे की कोई कमी नहीं है और छोटे कामगारों को विभिन्न योजनाओं के तहत वित्तीय सहायता मिल रही है।
उदाहरण देते हुए उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री विश्वकर्मा योजना के अंतर्गत विभिन्न श्रेणी के कामगारों को सहायता राशि प्रदान की गई है।
उन्होंने हरियाणा में एमएसएमई क्षेत्र में डिजिटल प्रौद्योगिकी और कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) को अपनाने के प्रयासों का भी उल्लेख किया ताकि उत्पादकता और प्रतिस्पर्धा को बढ़ावा दिया जा सके।
मांझी ने कहा ‘‘इंडिया एआई मिशन को सात प्रमुख स्तंभों में विभाजित किया गया है। हम हरियाणा में प्रौद्योगिकी के विकास के लिए इन स्तंभों के तहत काम कर रहे हैं।’’
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