देश की खबरें | अमरिंदर ने कृषि कानूनों में संशोधन होने तक लड़ाई जारी रखने की प्रतिबद्धता जताई

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. पंजाब के मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह ने रविवार को कहा कि जब तक न्यूनतम समर्थन मूल्य पर एक लिखित संवैधानिक गारंटी देने के लिए नये कृषि कानूनों को संशोधित नहीं किया जाता है, तब तक वे इन कानूनों के खिलाफ लड़ाई से पीछे नहीं हटेंगे।

एनडीआरएफ/प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credits: ANI)

मोगा/रायकोट, चार अक्टूबर पंजाब के मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह ने रविवार को कहा कि जब तक न्यूनतम समर्थन मूल्य पर एक लिखित संवैधानिक गारंटी देने के लिए नये कृषि कानूनों को संशोधित नहीं किया जाता है, तब तक वे इन कानूनों के खिलाफ लड़ाई से पीछे नहीं हटेंगे।

सिंह ने कहा कि उनकी सरकार ‘‘किसान विरोधी’’ कानूनों के खिलाफ आवश्यक कदम उठाएगी, वहीं इस मुद्दे पर शिरोमणि अकाली दल (शिअद) के ‘‘दोहरे मापदंड़ों’’ को उजागर करेगी।

यह भी पढ़े | Hathras Gangrape Case: हाथरस की घटना पर कांग्रेस ने पूछा सवाल, ‘बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ’ की रट लगाने वाले पीएम चुप क्यों हैं?.

कांग्रेस नेता राहुल गांधी के नेतृत्व में पार्टी इन तीन कानूनों के खिलाफ राज्य में चार से छह अक्टूबर तक ट्रैक्टर रैलियां आयोजित कर रही है।

इन विधेयकों को पिछले महीने संसद ने पारित किया था और राष्ट्रपति ने भी इन कानूनों को अपनी मंजूरी दे दी है।

यह भी पढ़े | Unlock 5.0: कोरोना संकट के बीच देश के इन हिस्सों में आज से खुल रहे हैं स्कूल, रेस्टोरेंट और बार, यहां पढ़ें पूरी जानकारी.

सिंह ने मोगा जिले के बधनी कलां में एक जनसभा को संबोधित करते हुए इन्हें ‘‘काला कानून’’ बताया।

उन्होंने कहा, ‘‘पंजाब के किसान भारत को खाद्य सुरक्षा देने की जिम्मेदारी निभाते रहे हैं और छह दशकों से राष्ट्र को खाद्य पदार्थ उपलब्ध करा रहे हैं, और उनके हितों को हर कीमत पर संरक्षित किया जाना चाहिए।’’

लुधियाना जिले के जत्तपुरा में एक अन्य रैली को संबोधित करते हुए सिंह ने कहा कि कांग्रेस कृषि कानूनों के खिलाफ लड़ाई में हर कदम पर किसानों के साथ है।

उन्होंने इस ‘‘मुश्किल’’ समय में पंजाब के किसानों के साथ खड़ा होने के लिए गांधी की प्रशंसा की।

सिंह ने शिअद के अध्यक्ष सुखबीर बादल के उस दावे पर निशाना साधा जिसमें उन्होंने कहा था कि राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन से अलग होकर किसानों के लिए ‘‘त्याग’’ किया गया है।

उन्होंने कहा, ‘‘अकाली नहीं जानते है कि त्याग क्या होता है।’’

उन्होंने कहा, ‘‘शिअद ने किसानों के विरोध को देखते हुए केवल अपना राजनीतिक अस्तित्व बचाने के लिए ऐसा किया है।’’

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)

Share Now

संबंधित खबरें

India vs Zimbabwe, T20 World Cup 2026 48th Match Scorecard: चेन्नई में टीम इंडिया ने जिम्बाब्वे को 72 रनों से दी करारी शिकस्त, सेमीफाइनल की उम्मीदें बरकरार; यहां देखें IND बनाम ZIM मैच का स्कोरकार्ड

Australia Women vs India Women, 2nd ODI Key Players To Watch Out: ऑस्ट्रेलिया महिला बनाम भारत महिला के बीच दूसरे वनडे में इन स्टार खिलाड़ियों पर होगी सबकी निगाहें

Australia Women vs India Women, 2nd ODI Pitch Report: दूसरे वनडे में भारत महिला के बल्लेबाज दिखाएंगे दम या ऑस्ट्रेलिया महिला के गेंदबाज करेंगे कमाल? यहां जानें पिच रिपोर्ट

India vs Zimbabwe, T20 World Cup 2026 48th Match Scorecard: चेन्नई में टीम इंडिया ने जिम्बाब्वे के सामने रखा 257 रनों का टारगेट, अभिषेक शर्मा ने खेली धमाकेदार पारी; यहां देखें पहली पारी का स्कोरकार्ड

\