Nepal Flash Floods: नेपाल में बाढ़ का कहर जारी, मरने वालों की संख्या बढ़कर 781 हुई, 2,500 से ज्यादा लोग अब भी लापता
फ्लैश फ्लड के कारण नेपाल के कई जिलों में सड़कें, पुल, जलविद्युत परियोजनाएं और अन्य महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचे को भारी नुकसान पहुंचा है. हजारों लोग बेघर हो गए हैं और बड़ी संख्या में लोगों की तलाश अभी भी जारी है.
Nepal Flash Floods Latest Update: नेपाल में आई भीषण फ्लैश फ्लड ने भारी तबाही मचाई है. नेपाल की राष्ट्रीय आपदा जोखिम न्यूनीकरण एवं प्रबंधन प्राधिकरण (NDRRMA) के अनुसार, इस आपदा में अब तक 781 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 2,500 से अधिक लोग अब भी लापता हैं. राहत और बचाव अभियान लगातार जारी है. वहीं प्रशासन ने संभावित नई बाढ़ को लेकर ताजा चेतावनी भी जारी की है.
नेपाल-तिब्बत सीमा से सटे इलाकों में आई इस भीषण बाढ़ ने घरों, सड़कों, पुलों और जलविद्युत परियोजनाओं को भारी नुकसान पहुंचाया है. बाढ़ का असर भारत तक भी देखने को मिला है, जहां कई शव नदी के बहाव के साथ उत्तर प्रदेश तक पहुंच गए हैं.
राहत और बचाव अभियान जारी
बाढ़ प्रभावित इलाकों में राहत और बचाव कार्य लगातार जारी है, लेकिन खराब मौसम, दुर्गम पहाड़ी इलाकों और क्षतिग्रस्त बुनियादी ढांचे के कारण बचाव दलों को काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है. ताजा जानकारी के मुताबिक, कम से कम छह जलविद्युत परियोजनाओं में 500 से ज्यादा लोगों के फंसे होने की आशंका है. नेपाल सेना और सशस्त्र पुलिस बल के हजारों जवान राहत और बचाव अभियान में जुटे हुए हैं.
भारत ने भी नेपाल की मदद के लिए सुरंग बचाव (Tunnel Rescue) विशेषज्ञों और चिकित्सा कर्मियों सहित 11 सदस्यीय विशेष टीम भेजी है, जो जलविद्युत परियोजनाओं में फंसे श्रमिकों को निकालने में सहायता कर रही है.
फिर जारी हुआ बाढ़ का अलर्ट
नेपाल के अधिकारियों ने भोटे कोशी नदी के आसपास के क्षेत्रों में दोबारा बाढ़ आने की आशंका जताते हुए लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है. प्रशासन लगातार नदी के जलस्तर और मौसम की स्थिति पर नजर बनाए हुए है. नई चेतावनी से पहले से प्रभावित इलाकों में रह रहे लोगों और राहतकर्मियों की सुरक्षा को लेकर चिंता और बढ़ गई है.
भारत ने बढ़ाई राहत सहायता
भारत सरकार ने नेपाल को राहत सामग्री, चिकित्सा सहायता और विशेष बचाव दल भेजकर मदद जारी रखी है. साथ ही नेपाल में फंसे भारतीय नागरिकों की तलाश और सुरक्षित निकासी के प्रयास भी किए जा रहे हैं. विदेश मंत्रालय के अनुसार, कई भारतीय नागरिकों को सुरक्षित निकाला जा चुका है, जबकि कुछ अन्य की तलाश जारी है.
इसके अलावा भारत ने शवों की पहचान में सहायता के लिए फोरेंसिक विशेषज्ञों की टीम भी तैनात की है. नेपाल स्थित भारतीय दूतावास में 24 घंटे कंट्रोल रूम भी संचालित किया जा रहा है.
भारत में भी मिले शव
नेपाल में आई बाढ़ का असर भारत तक पहुंचा है. उत्तर प्रदेश में गंडक नदी से कई ऐसे शव बरामद किए गए हैं, जिन्हें बाढ़ के तेज बहाव के साथ नेपाल से बहकर आने की आशंका जताई जा रही है. इस घटना ने इस प्राकृतिक आपदा के सीमा पार प्रभाव को भी उजागर किया है.
भारी तबाही के बीच जारी है राहत कार्य
फ्लैश फ्लड के कारण नेपाल के कई जिलों में सड़कें, पुल, जलविद्युत परियोजनाएं और अन्य महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचे को भारी नुकसान पहुंचा है. हजारों लोग बेघर हो गए हैं और बड़ी संख्या में लोगों की तलाश अभी भी जारी है. नेपाल-तिब्बत सीमा के पास हुए हिमालयी घटनाक्रम के बाद मलबे और तेज बहाव के साथ आई बाढ़ ने व्यापक तबाही मचाई. लगातार बढ़ते मृतकों के आंकड़े और हजारों लोगों के लापता होने से राहत एवं बचाव अभियान अभी भी युद्ध स्तर पर जारी है.