ट्रंप के प्रस्ताव पर अमेरिका, यूक्रेन और ई3 के बीच बैठकें
अमेरिकी राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप की ओर से यूक्रेन युद्ध रोकने से जुड़े 28 बिंदुओं वाले प्रस्ताव पर यूक्रेन और यूरोपीय सहयोगियों ने कुछ चिंताएं जताई हैं, जिन पर जिनेवा में बातचीत जारी है.
अमेरिकी राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप की ओर से यूक्रेन युद्ध रोकने से जुड़े 28 बिंदुओं वाले प्रस्ताव पर यूक्रेन और यूरोपीय सहयोगियों ने कुछ चिंताएं जताई हैं, जिन पर जिनेवा में बातचीत जारी है.अमेरिकी राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप की ओर से यूक्रेन युद्ध से जुड़े 28 बिंदुओं वाले प्रस्ताव पर अमेरिका, यूक्रेन और यूरोपीय सहयोगियों के बीच स्विट्जरलैंड के जिनेवा में बातचीत जारी है. अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो और विशेष दूत स्टीव विटकॉफ रविवार, 23 नवंबर को जिनेवा पहुंचे. राष्ट्रपति ट्रंप ने यूक्रेन को 27 नवंबर तक इस योजना को मंजूरी देने का समय दिया है. हालांकि उन्होंने शनिवार को कहा कि 28 बिंदुओं वाला यह प्रस्ताव उनका "अंतिम प्रस्ताव" नहीं है. यह बयान उस वक्त आया है जब कीव और उसके यूरोपीय सहयोगी चिंता जता रहे हैं कि यह योजना रूस की कई मुख्य मांगों के पक्ष में लगती है और इससे यूक्रेन को भू-भाग का बड़े पैमाने पर नुकसान हो सकता है.
यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की ने कहा है कि उन्हें उम्मीद है "कोई परिणाम निकलेगा." यूक्रेन के राष्ट्रपति के चीफ ऑफ स्टाफ आंद्रि येरमाक अमेरिका के प्रस्तावित शांति प्रस्ताव पर चर्चा के लिए जिनेवा पहुंचे प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व कर रहे हैं. उन्होंने एक्स पर जर्मनी, फ्रांस और ब्रिटेन के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकारों के साथ पहली बैठक करने की जानकारी दी. इसके बाद अगली बैठक अमेरिकी प्रतिनिधिमंडल के साथ तय है.
सुरक्षा गारंटी और रूस पर दबाव
जर्मन चांसलर फ्रीडरिष मैर्त्स ने रविवार को कहा कि वे इस बात को लेकर "सशंकित" हैं कि अमेरिकी राष्ट्रपति द्वारा तय गुरुवार (27 नवंबर) तक की समय सीमा तक 28 बिंदुओं वाले प्रस्ताव पर कोई समझौता हो पाएगा. जर्मन चांसलर ने कहा कि यह बहुत जरूरी है कि "क्या सुरक्षा गारंटी दी जा सकती हैं ताकि रूस के साथ संभावित समझौता असल में हो पाए."
फ्रांस के राष्ट्रपति इमानुएल माक्रों ने शनिवार को चेतावनी देते हुए कहा कि "हम जानते हैं कि अगर रोकने के लिए जरूरी बिंदु नहीं होंगे, तो रूस लौटेगा और अपने वादे तोड़ देगा."
यूरोपीय देशों का रुख
यूक्रेन के यूरोपीय सहयोगियों ने 22 नवंबर को एक संयुक्त बयान जारी कर कहा कि प्रस्तावित ट्रंप योजना पर अभी और काम की जरूरत है. नेताओं ने कहा, "हम यूक्रेन में शांति लाने के लिए अमेरिकी प्रयासों का स्वागत करते हैं" और साथ ही 28 बिंदुओं वाले शुरुआती मसौदे में "ऐसी महत्वपूर्ण चीजें शामिल हैं जो न्यायसंगत और स्थायी शांति के लिए बेहद जरूरी होंगी."
बयान में कहा गया, "इसलिए हम मानते हैं कि मसौदा एक आधार है जिस पर और काम करने की जरूरत होगी." इस बयान पर यूके, फ्रांस, जर्मनी, इटली, स्पेन, नीदरलैंड्स, आयरलैंड, फिनलैंड, नॉर्वे और यूरोपियन यूनियन के साथ-साथ कनाडा और जापान के प्रधानमंत्रियों ने भी हस्ताक्षर किए हैं.
शांति के रास्ते में बाधा नहीं बनेगा यूक्रेन: जेलेंस्की
यूक्रेनी राष्ट्रपति के कार्यालय ने शनिवार को कहा कि देश आने वाले दिनों में रूस के आक्रमण को खत्म करने के कदमों पर मश्विरा करेगा. इसमें कहा गया कि "यूक्रेन कभी भी शांति के रास्ते में बाधा नहीं बनेगा और देश का नेतृत्व यूक्रेनी लोगों के जायज हितों और यूरोपीय सुरक्षा की बुनियाद की रक्षा करेगा."
(The above story first appeared on LatestLY on Nov 24, 2025 12:00 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

