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Israel Hamas War: इजराइल ने गाजा-सीरिया और वेस्ट बैंक में किया हमला, अन्य मोर्चों पर आग भड़कने की आशंका

युद्ध शुरू होने के बाद से इजराइल ने लेबनान के आतंकवादी समूह हिजबुल्लाह के ठिकानों पर लगभग हर रोज गोलाबारी की है. वेस्ट बैंक में भी तनाव बढ़ रहा है, जहां इजराइली सैन्य बल शरणार्थी शिविरों में आतंकवादियों की तलाश कर रहे हैं.

Israel Hamas War: इजराइल ने गाजा-सीरिया और वेस्ट बैंक में किया हमला, अन्य मोर्चों पर आग भड़कने की आशंका

युद्ध शुरू होने के बाद से इजराइल ने लेबनान के आतंकवादी समूह हिजबुल्लाह के ठिकानों पर लगभग हर रोज गोलाबारी की है. इजराइल के कब्जे वाले वेस्ट बैंक में भी तनाव बढ़ रहा है, जहां इजराइली सैन्य बल शरणार्थी शिविरों में आतंकवादियों की तलाश कर रहे हैं और हाल के दिनों में दो हवाई हमले किए हैं.

कई दिनों से ऐसा प्रतीत हो रहा है कि इजराइल सात अक्टूबर को हमास के अप्रत्याशित हमले की प्रतिक्रिया के रूप में गाजा में जमीनी आक्रमण शुरू करने की तैयारी में है. सीमा पर टैंक और हजारों सैनिक लामबंद हो चुके हैं.

इजराइली सेना ने माना है कि व्यापक निकासी आदेश के बावजूद उत्तरी गाजा में अभी भी हजारों फलस्तीनी नागरिक रूके हुए हैं, जिससे किसी भी तरह का जमीनी हमला और जटिल हो जाएगा. लेबनान और सीरिया में हमास के सहयोगियों के साथ व्यापक जंग छिड़ने का जोखिम भी है, जिसकी वजह से हो सकता है सेना अभी अभियान के लिए ठहरी हुई है.

सहायता कर्मियों ने कहा है कि गाजा में बढ़ते मानवीय संकट के बीच अब तक बहुत कम राहत सामग्री पहुंची है, जहां क्षेत्र की 23 लाख आबादी में से आधे से ज्यादा लोग अपने घर छोड़ चुके हैं. मरीजों और विस्थापित लोगों से भरे अस्पतालों में चिकित्सा आपूर्ति और जनरेटर के लिए ईंधन की कमी हो गई है, जिससे डॉक्टरों को कपड़ा सिलने वाली सुइयों के साथ, कीटाणुनाशक के रूप में रसोई के सिरके का उपयोग करके और बिना एनेस्थीसिया के सर्जरी करने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है.

खान यूनिस के नासिर अस्पताल में कार्यरत डॉ. मोहम्मद कंदील ने कहा कि वेंटिलेटर सहित चिकित्सकीय सामग्री की कमी के कारण डॉक्टरों को किसी तरह सीमित संसाधन में मरीजों का इलाज करना पड़ रहा है. उन्होंने ‘एसोसिएटेड प्रेस’ (एपी) से कहा, ‘‘यह दिल दुखाने वाली बात है. हर दिन, यदि हमारे पास गंभीर रूप से घायल 10 मरीज आते हैं तो हमें गहन देखभाल इकाई (आईसीयू) के तीन या पांच उपलब्ध बिस्तरों से ही काम चलाना पड़ता है.’’

संयुक्त राष्ट्र द्वारा संचालित स्कूलों और शिविरों में शरण लेने वाले फलस्तीनियों के लिए भोजन की कमी हो रही है और वे गंदा पानी पीने को मजबूर हैं. क्षेत्र का एकमात्र बिजली संयंत्र एक सप्ताह पहले बंद हो गया, जिससे पूरे क्षेत्र में बिजली आपूर्ति ठप हो गई. इससे पानी और अन्य आपूर्ति व्यवस्था भी चरमरा गई. संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार एजेंसी ने कहा कि साफ पानी की कमी के कारण चेचक , दस्त के मामले बढ़ रहे हैं.

गाजा के हमास संचालित गृह मंत्रालय ने रविवार रात भर पूरे क्षेत्र में भारी हवाई हमलों की सूचना दी, जिसमें दक्षिणी क्षेत्र भी शामिल हैं जहां इजराइल ने फलस्तीनियों को शरण लेने के लिए कहा था. शनिवार देर रात दक्षिण में स्थित शहर खान यूनिस के एक कैफे पर हवाई हमला हुआ, जहां विस्थापित लोग अपने फोन चार्ज करने के लिए एकत्र हुए थे. नासिर अस्पताल ने कहा कि इस घटना में 12 लोग मारे गए और 75 घायल हो गए.

इजराइल की सेना ने कहा है कि वह हमास के सदस्यों और प्रतिष्ठानों पर हमला कर रही है, आम नागरिकों को निशाना नहीं बना रही. फलस्तीनी आतंकवादी भी रॉकेट दाग रहे हैं. हमास ने कहा है कि उसने रविवार तड़के तेल अवीव को निशाना बनाया. इजराइली मीडिया की खबर में कहा गया है कि इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने आसन्न जमीनी आक्रमण पर चर्चा करने के लिए शनिवार देर रात अपने मंत्रिमंडल की बैठक बुलाई. सेना के प्रवक्ता रियर एडमिरल डैनियल हागेरी ने कहा कि इजराइल ने ‘‘युद्ध के अगले चरण’’ की तैयारी के रूप में शनिवार से हवाई हमले बढ़ाने की योजना बनाई है.

इजराइल के जमीनी हमले से दोनों पक्षों के हताहतों की संख्या में नाटकीय रूप से वृद्धि होने की आशंका है. युद्ध में इजराइल में 1,400 से अधिक लोग मारे गए हैं. इनमें से ज्यादातर आम नागरिक थे, जो हमास के शुरुआती हमले के दौरान मारे गए. वहीं, बच्चों, महिलाओं समेत कम से कम 210 लोगों को बंधक बनाकर गाजा ले जाया गया. हमास ने मानवतावादी कदम बताते हुए शुक्रवार को दो अमेरिकियों को रिहा कर दिया.

गाजा के स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, गाजा में 4,300 से अधिक लोग मारे गए हैं. इसमें एक अस्पताल में विस्फोट से मारे गए लोगों की संख्या भी शामिल है. इस बीच, सीरिया के सरकारी मीडिया ने कहा कि इजराइली हवाई हमलों ने राजधानी दमिश्क और उत्तरी शहर अलेप्पो में अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डों को निशाना बनाया है. मीडिया में कहा गया कि हमलों में एक व्यक्ति की मौत हो गई और हवाई पट्टी क्षतिग्रस्त हो गई. युद्ध शुरू होने के बाद से इजराइल ने सीरिया में हवाई अड्डों सहित कई ठिकानों पर हमले किए हैं.

लेबनान में, हिजबुल्ला ने कहा कि हमले में शनिवार को उसके छह लड़ाके मारे गए जो दो सप्ताह पहले शुरू हुए युद्ध के बाद एक दिन में मारे गए लोगों की सबसे बड़ी संख्या है. हिजबुल्ला के उपनेता शेख नईम कासिम ने चेताया कि इजराइल और हमास के युद्ध में उसकी ‘‘अहम भूमिका’’ है और यदि इजराइल गाजा पट्टी पर जमीनी हमले शुरू करता है, तो उसे इसकी भारी कीमत चुकानी होगी.

इजराइल ने लेबनान की सीमा के पास अन्य 14 बस्तियों के लिए निकासी योजना की भी घोषणा की. पिछले सप्ताह 20,000 से अधिक लोगों की आबादी वाले किर्यत शमोना को खाली करने के लिए कहा गया था. कब्जे वाले वेस्ट बैंक में, इजराइली सैनिकों के साथ संघर्ष, छापे और यहूदी बस्तियों के हमलों में दर्जनों फलस्तीनी मारे गए हैं. इजराइली सैन्य बलों ने क्षेत्र में क्रॉसिंग और शहरों के बीच चौकियों को बंद कर दिया है. उनका कहना है कि इन उपायों का उद्देश्य हमलों को रोकना है.

इजराइल ने कहा है कि उसने सात अक्टूबर से अब तक 700 से अधिक फलस्तीनियों को गिरफ्तार किया है, जिनमें 480 संदिग्ध हमास सदस्य भी शामिल हैं. फलस्तीनी स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, इजराइली सैन्य बलों ने रविवार तड़के वेस्ट बैंक में कम से कम पांच लोगों की हत्या कर दी. जेनिन शहर में एक मस्जिद पर हवाई हमले में दो लोग मारे गए, जहां पिछले साल फलस्तीनी आतंकवादियों और इजराइली सैनिकों के बीच भारी गोलीबारी हुई थी.

इजराइली सेना ने कहा कि मस्जिद परिसर में हमास और इस्लामिक जिहाद के आतंकवादियों ने पनाह ले रखी थी जिन्होंने हाल के महीनों में कई हमले किए थे और एक और हमले की साजिश रच रहे थे. स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, सात अक्टूबर को युद्ध शुरू होने के बाद से वेस्ट बैंक में 90 फलस्तीनियों की जान गई है. इजराइली सेना ने कहा कि गाजा में मानवीय स्थिति ‘‘नियंत्रण में’’ है जहां के लिए सहायता कर्मियों ने चौबीसों घंटे सहायता आपूर्ति गलियारा खोलने का आह्वान किया था.

मानवीय मदद के लिए संयुक्त राष्ट्र की एजेंसी ओसीएचए ने कहा कि युद्ध से पहले जितनी आपूर्ति होती थी, उसकी तुलना में शनिवार को महज चार प्रतिशत आपूर्ति ही हुई जो ‘‘13 दिनों की पूर्ण घेराबंदी के मद्देनजर नाकाफी है.’’ एजेंसी ने हर दिन 100 ट्रकों को दाखिल होने की अनुमति देने का आह्वान किया है. सीमा के मिस्र वाले हिस्से के पास भारी मात्रा में सहायता सामग्री एकत्र की गई है, लेकिन इस बारे में कोई जानकारी नहीं है कि और ट्रकों को कब दाखिल होने की अनुमति दी जाएगी.

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(The above story first appeared on LatestLY on Oct 22, 2023 07:06 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).