Asia Cup 2025: गौतम गंभीर का नया विजन! T20 टीम इंडिया को मिलेगा नया स्वरूप और ऑल फॉर्मेट कप्तान, एशिया कप पर रहेंगी सबकी निगाहें
गौतम गंभीर(Photo : X)

Asia Cup 2025: इंग्लैंड के सफल दौरे के बाद टीम इंडिया के हेड कोच गौतम गंभीर अब अपना ध्यान आगामी एशिया कप टी20 पर केंद्रित करने जा रहे हैं, जो अगले महीने शुरू होगा. क्रिकेट के सबसे छोटे फॉर्मेट में गंभीर की पकड़ हमेशा मजबूत रही है. चाहे वे खिलाड़ी या कोच रहे हों. उनके रिकॉर्ड और उपलब्धियाँ इस बात की गवाही देती हैं. गौतम गंभीर को टी20 ने पहचान दिलाई. एक दशक पहले उन्होंने कोलकाता नाइट राइडर्स को लगातार दो बार आईपीएल टाइटल जिताया था. पिछले साल मेंटर की भूमिका में रहकर भी उन्होंने केकेआर को तीसरा खिताब दिलाने में मदद की. भारत के मुख्य कोच बनने से पहले भी गंभीर ने IPL प्रदर्शन के आधार पर राष्ट्रीय टी20 टीम के चयन पर जोर दिया था. रिंकू सिंह और श्रेयस अय्यर की टीम इंडिया से छुट्टी संभव, सूर्यकुमार यादव की फिटनेस से राहत- रिपोर्ट्स

अब जब गंभीर एशिया कप, ऑस्ट्रेलिया और दक्षिण अफ्रीका सीरीज़ में टीम इंडिया को कोचिंग देंगे, तो उनका सेलेक्शन का पैमाना भी आधुनिक सोच के साथ मेल खाता है. “टाइम्स ऑफ इंडिया” की रिपोर्ट के अनुसार, गंभीर टी20 टीम को फिर से ब्रांडिंग करने के लिए प्रतिबद्ध हैं.

टीम इंडिया में बदलाव की बयार

रिपोर्ट की मानें तो गंभीर जल्दी ही एक ऑल-फॉर्मेट कप्तान की नियुक्ति करना चाहते हैं, जिससे हर फॉर्मेट में एक जैसी संस्कृति बने. उनका विजन साफ है. भारत की टी20 टीम को नया रंग-रूप देना. अक्सर टीम इंडिया पर यह आरोप लगता रहा है कि वे समय के साथ नहीं बदलते. गंभीर यह कमी दूर करना चाहते हैं और ऐसे खिलाड़ियों को मौका देना चाहते हैं, जिन्हें असली टी20 विशेषज्ञ कहा जा सके.

रिपोर्ट में आगे कहा गया कि ड्रेसिंग रूम में अब पहले की तरह नामित फिनिशर नहीं होंगे. खिलाड़ी की भूमिका उनकी स्किल के अनुसार न कि बैटिंग ऑर्डर के नंबर पर तय होगी. “अब कोई खिलाड़ी अपने रोल को लेकर सहज नहीं रह सकता. भूमिका क्रिकेटर के कौशल के अनुसार तय होती है, न कि नंबर के अनुसार, गंभीर आज के टी20 क्रिकेटर की इस विशेषता को लेकर काफी सहज हैं,” रिपोर्ट में बताया गया.

कवरेज में शिवम दुबे का जिक्र

खास बात यह है कि रिपोर्ट के मुताबिक, शिवम दुबे को हमेशा प्राथमिकता मिलेगी क्योंकि वे जरूरत पड़ने पर ऊपर भेजे जा सकते हैं और अगर ओपनर अच्छी शुरुआत दे दें, तो तेज रन बनाकर मिडिल ओर्डर का दबाव कम कर सकते हैं. अब "फिनिशर" का लिवाज नहीं, बल्कि हर खिलाड़ी अपने कौशल के हिसाब से योगदान देगा. चैंपियंस ट्रॉफी जीत और सफल इंग्लैंड सीरीज़ के बाद गंभीर के कोचिंग करियर की रफ्तार सही दिशा में जा रही है. लेकिन आने वाले टी20 असाइनमेंट्स उनके लिए अहम होंगे, क्योंकि भारत को अगले टी20 विश्व कप में घरेलू सरजमीं पर खिताब बचाने का लक्ष्य रखना है.

गौतम गंभीर का यह आधुनिक दृष्टिकोण न सिर्फ टीम इंडिया को समय के हिसाब से ढालने के लिए जरूरी है, बल्कि युवाओं को मौके देने व उनके स्किल के लिए भी अहम भूमिका निभाएगा. क्रिकेट प्रेमियों की निगाहें अब एशिया कप और आने वाले टी20 मैचों पर हैं, जहां गंभीर का नया विजन टीम इंडिया को कितनी ऊंचाइयों तक ले जाता है, यह देखने लायक होगा.