Kargil Vijay Diwas 2025 Messages: हैप्पी कारगिल विजय दिवस! शेयर करें ये हिंदी Quotes, WhatsApp Wishes और Facebook Greetings
कारगिल युद्ध में 2 लाख भारतीय सैनिकों ने हिस्सा लिया था और करीब 60 दिन बाद भारत की जीत के साथ यह युद्ध समाप्त हुआ था. कारगिल विजय दिवस का जश्न मनाने के लिए इस दिन कई कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं और इस युद्ध में शहीद हुए वीर जवानों को श्रद्धांजलि अर्पित की जाती है. ऐसे में आप इन हिंदी मैसेजेस, कोट्स, वॉट्सऐप विशेज, फेसबुक ग्रीटिंग्स के जरिए हैप्पी कारगिल विजय दिवस कहकर बधाई दे सकते हैं.
Kargil Vijay Diwas 2025 Messages in Hindi: भारतीय सशस्त्र बलों (Indian Armed Forces) के जवानों की वीरता की सराहना करने के लिए मनाए जाने वाले कारगिल विजय दिवस (Kargil Vijay Diwas) की इस साल 26वीं वर्षगांठ मनाई जा रही है. दरअसल, साल 1999 में भारत-पाकिस्तान (India-Pakistan) के बीच हुए कारगिल युद्ध (Kargil War) में पाकिस्तान (Pakistan) पर भारत (India) की जीत की खुशी कारगिल विजय दिवस (Kargil Vijay Diwas) को सेलिब्रेट किया जाता है. कारगिल युद्ध 3 मई 1999 को उस वक्त शुरु हुआ था, जब भारत को पता चला कि पाकिस्तान समर्थित घुसपैठियों और सैनिकों ने कारगिल की ऊंचाइयों पर कब्जा कर लिया. इसके बाद 8 मई 1999 को लद्दाख के कारगिल (Kargil) में भारत-पाकिस्तान सेना के बीच युद्ध शुरु हुआ था, जिसका समापन करीब 60 दिन बाद भारतीय सेना की जीत के साथ 26 जुलाई 1999 को हुआ था. कहा जाता है कि ताशी नामग्याल नाम के एक स्थानीय चरवाहे के जरिए भारतीय सेना को कारगिल में पाकिस्तानी घुसपैठियों की नापाक साजिश का पता चला था, जिसके बाद दोनों मुल्कों के बीच यह युद्ध शुरु हुआ था.
कारगिल युद्ध में 2 लाख भारतीय सैनिकों ने हिस्सा लिया था और करीब 60 दिन बाद भारत की जीत के साथ यह युद्ध समाप्त हुआ था. कारगिल विजय दिवस का जश्न मनाने के लिए इस दिन कई कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं और इस युद्ध में शहीद हुए वीर जवानों को श्रद्धांजलि अर्पित की जाती है. ऐसे में आप इन हिंदी मैसेजेस, कोट्स, वॉट्सऐप विशेज, फेसबुक ग्रीटिंग्स के जरिए हैप्पी कारगिल विजय दिवस कहकर बधाई दे सकते हैं.
गौरतलब है कि एक स्थानीय चरवाहे द्वारा पाकिस्तान की नापाक हरकत का पता चलने के बाद भारतीय सेना ने पाकिस्तानी घुसपैठियों को भगाने के लिए 'ऑपरेशन विजय' चलाया था. भारत-पाकिस्तान के इस युद्ध में 9 जून को भारतीय सेना ने बाल्टिक क्षेत्र की 2 चौकियों पर कब्जा जमा लिया, फिर 13 जून को द्रास सेक्टर में तोलोलिंग पर अपना परचम लहराया और 29 जून को भारतीय सेना ने दो अहम चौकियों पर भी कब्जा जमा लिया.
2 जुलाई को कारगिल में हुए तिहरे हमले का जवाब देते हुए भारतीय सेना ने 4 जुलाई को टाइगर हिल पर कब्जा जमा लिया, फिर 5 जुलाई को द्रास, 7 जुलाई को जुबार चोटी और 11 जुलाई को बटालिक की प्रमुख चोटियों पर भारतीय सेना ने तिरंगा लहराया. आखिरकार 26 जुलाई 1999 को आधिकारिक तौर पर भारत की जीत के साथ भारत-पाक के बीच कारगिल युद्ध समाप्त हुआ. बता दें कि इस युद्ध में भारत ने विजय का परचम लहराया, लेकिन इसके लिए भारत के 527 सैनिकों को अपने प्राण न्योछावर करने पड़े, जिनमें कैप्टन विक्रम बत्रा भी शामिल थे.