Twisha Sharma Death Case: पूर्व जिला जज गिरिबाला सिंह के घर पहुंची सीबीआई; डमी के जरिए री-क्रिएट किया गया क्राइम सीन (Watch Videos)
ट्विशा शर्मा मौत मामला (Photo Credits: File Image)

भोपाल, 1 जून: मॉडल और अभिनेत्री ट्विशा शर्मा (Twisha Sharma) की कथित आत्महत्या (Suicide)  के मामले में केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) ने सोमवार को अपनी जांच का दायरा बढ़ा दिया है. जांच एजेंसी की एक विशेष टीम फॉरेंसिक विशेषज्ञों के साथ भोपाल (Bhopal) के कटारा हिल्स स्थित आरोपी पूर्व जिला जज गिरिबाला सिंह (Giribala Singh) के निवास पर पहुंची. सीबीआई अधिकारियों ने 12 मई को हुई त्विषा की मौत से जुड़े घटनाक्रम को सत्यापित करने के लिए एक मानव आकार की डमी (Human-sized dummy) का उपयोग करके पूरे क्राइम सीन को री-क्रिएट किया. इस कवायद का मुख्य उद्देश्य यह जांचना है कि आरोपियों के बयान घटनास्थल से मिले भौतिक साक्ष्यों से मेल खाते हैं या नहीं. यह भी पढ़ें: Twisha Sharma Death Case: भोपाल कोर्ट ने पूर्व जज गिरिबाला सिंह और समर्थ सिंह को 2 जून तक सीबीआई कस्टडी में भेजा, होगी सघन पूछताछ

फॉरेंसिक टीम की मौजूदगी में हुआ री-क्रिएशन; पूर्व जज भी रहीं मौजूद

क्राइम सीन री-क्रिएशन के दौरान फॉरेंसिक एक्सपर्ट्स की टीम ने कमरे के लेआउट, ऊंचाई के माप, फंदे के बिंदुओं (Ligature points) और शव की संभावित स्थिति का बारीकी से विश्लेषण किया. जांचकर्ताओं ने सूत्रों के हवाले से बताया कि वे गवाहों के बयानों की तुलना मौके से मिले वैज्ञानिक साक्ष्यों से कर रहे हैं.

इस प्रक्रिया के दौरान कस्टडी में ली गईं मृतका की सास और पूर्व जिला न्यायाधीश गिरिबाला सिंह को भी उनके आवास पर लाया गया था. फिलहाल, साक्ष्यों को सुरक्षित रखने और किसी भी संभावित छेड़छाड़ को रोकने के लिए स्थानीय पुलिस बल गिरिबाला सिंह के आवास पर कड़ा पहरा दे रहा है.

भोपाल में गिरिबाला सिंह के आवास पर CBI ने ट्विशा शर्मा के अंतिम पलों को रीक्रिएट किया

जांच का दायरा बढ़ा: डॉक्टरों और मानसिक स्वास्थ्य विशेषज्ञों से होगी पूछताछ

सीबीआई इस हाई-प्रोफाइल मामले के हर पहलू को खंगालने में जुटी है. एजेंसी अब उन डॉक्टरों और मानसिक स्वास्थ्य पेशेवरों (Mental health professionals) से भी पूछताछ करने की योजना बना रही है, जिन्होंने अपनी मृत्यु से पहले त्विषा शर्मा के साथ बातचीत की थी.

सामने आया है कि जिस डॉक्टर ने कथित तौर पर त्विषा को गर्भपात (Abortion) कराने की सलाह दी थी, उसे एजेंसी पहले ही पूछताछ के लिए तलब कर चुकी है. इसके अलावा, केंद्रीय एजेंसी मृतका के पति समर्थ सिंह की उन गतिविधियों की भी गहनता से समीक्षा कर रही है, जो उन्होंने 15 मई को प्राथमिकी (FIR) दर्ज होने के बाद भोपाल में की थीं. यह भी पढ़ें: Twisha Sharma case: पूर्व जिला जज गिरिबाला सिंह को आज कोर्ट में पेश करेगी सीबीआई, कल घर पर हुई थी 7 घंटे पूछताछ

पति की गतिविधियों पर सीबीआई की नजर; कल कोर्ट में पेशी संभव

प्रारंभिक जांच में खुलासा हुआ है कि केस दर्ज होने के बाद समर्थ सिंह लगभग तीन दिनों तक भोपाल में ही मौजूद थे और तुरंत शहर से बाहर नहीं निकल सके थे. सीबीआई अब उनके कॉल रिकॉर्ड, लोकेशन डेटा और उस अवधि के दौरान उनके संपर्क में आए लोगों की जांच कर रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि फरार रहने के दौरान क्या उन्हें किसी बाहरी व्यक्ति से कोई गुप्त सहायता मिली थी.

गौरतलब है कि समर्थ सिंह और उनकी मां गिरिबाला सिंह दोनों इस समय 2 जून तक सीबीआई की हिरासत (Custody) में हैं. मंगलवार को उनकी रिमांड अवधि समाप्त होने पर उन्हें स्थानीय अदालत के समक्ष पेश किया जाएगा, जहां एजेंसी उनकी कस्टडी बढ़ाने की मांग कर सकती है. इस मामले में शुरुआती पुलिस जांच में लापरवाही और कमियों के गंभीर आरोपों के बाद केस को राज्य सरकार की सिफारिश पर सीबीआई को स्थानांतरित किया गया था.