Faridabad के Al-Falah Medical College को लेकर बढ़ी टेंशन, छात्रों के भविष्य पर मंडराया खतरा; पैरेंट्स ने मांगी जवाबदेही
हरियाणा के फरीदाबाद में मौजूद Al-Falah Medical College इन दिनों सवालों के घेरे में है और इसका सीधा असर वहां पढ़ रहे मेडिकल स्टूडेंट्स और उनके परिवारों पर पड़ रहा है.
Delhi Blast Case Update: हरियाणा के फरीदाबाद में मौजूद Al-Falah Medical College इन दिनों सवालों के घेरे में है और इसका सीधा असर वहां पढ़ रहे मेडिकल स्टूडेंट्स और उनके परिवारों पर पड़ रहा है. कॉलेज को लेकर जांच और नियमों से जुड़े मामलों ने माहौल और भी तनावपूर्ण कर दिया है. इसी वजह से शनिवार को कई पैरेंट्स ने यूनिवर्सिटी के वाइस चांसलर को लिखित अपील सौंपी और बच्चों की पढ़ाई और डिग्री को लेकर तुरंत स्पष्टीकरण मांगा.
NMC की मान्यता पर खतरा, AIU का भी सस्पेंशन अलर्ट
माता–पिता का कहना है कि हालिया घटनाओं ने हालात को और गंभीर बना दिया है. बातचीत में कई पैरेंट्स ने ये आशंका जताई कि नेशनल मेडिकल कमीशन यानी NMC कहीं कॉलेज की मान्यता न खींच ले. साथ ही ऐसी खबरें भी सामने आईं कि एसोसिएशन ऑफ इंडियन यूनिवर्सिटीज यानी AIU की तरफ से भी सस्पेंशन जैसी स्थिति बन सकती है. इन बातों ने छात्रों के करियर को लेकर डर और बढ़ा दिया है.
पैरेंट्स बोले.. “डर लग रहा है, बच्चों का भविष्य दांव पर है”
दिल्ली से पहुंचे राजनीश नाम के एक पैरेंट ने बताया कि वे कॉलेज इसलिए आए क्योंकि उन्हें डर था कि कहीं बच्चों की पढ़ाई बीच में न रुक जाए. उन्होंने कहा कि VC और प्रिंसिपल जांच में व्यस्त थे, इसलिए तीन प्रोफेसर्स से मुलाकात कर आश्वासन लिया कि डिग्री को कोई नुकसान नहीं होगा. हालांकि पैरेंट्स का ये भी कहना है कि ये स्थिति किसी भी परिवार के लिए परेशान करने वाली है.
जांच ने बढ़ाया तनाव.. आतंकी कनेक्शन की चर्चा से माहौल गरम
मामला इसलिए और गंभीर हो गया क्योंकि कॉलेज से जुड़ चुके कुछ डॉक्टरों का नाम एक व्हाइट कॉलर टेरर मॉड्यूल से जुड़कर सामने आया था. रिपोर्ट्स में दावा है कि उनमें से एक ने आत्मघाती हमला भी अंजाम दिया था. ऐसी बातों ने कॉलेज की छवि और स्थिरता पर सवाल खड़े कर दिए हैं, जिससे छात्र और परिवार मानसिक दबाव में हैं.
Exam, Degree और Classes पर मांगा साफ प्लान
पैरेंट्स की सबसे बड़ी मांग है कि यूनिवर्सिटी प्रशासन साफ बताए कि क्लासेस, एग्जाम और डिग्री का आगे क्या होगा. उनका कहना है कि उन्होंने फीस, समय और मेहनत—तीनों झोंक दिए हैं. ऐसे में बच्चों का करियर लटकना किसी भी हालत में स्वीकार नहीं है. पैरेंट्स ने चेतावनी दी है कि अगर जल्द जवाब नहीं मिला तो वे यह मुद्दा सीधे उच्च अधिकारियों तक ले जाएंगे.