‘लीपापोती करना बंद करें...’, मुख्तार अब्बास नकवी ने आरजी कर मेडिकल कॉलेज मामले को लेकर ममता पर उठाए सवाल
बीजेपी के वरिष्ठ नेता मुख्तार अब्बास नकवी ने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की उस चिट्ठी पर आपत्ति जताई है जो उन्होंने पीएम नरेंद्र मोदी को लिखी है. इस खत में सीएम बनर्जी ने रेपिस्ट के खिलाफ कड़े कानून लाने की वकालत की थी.
नई दिल्ली, 31 अगस्त : बीजेपी के वरिष्ठ नेता मुख्तार अब्बास नकवी ने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की उस चिट्ठी पर आपत्ति जताई है जो उन्होंने पीएम नरेंद्र मोदी को लिखी है. इस खत में सीएम बनर्जी ने रेपिस्ट के खिलाफ कड़े कानून लाने की वकालत की थी. जिसे नकवी ने 'लीपापोती' की कोशिश करार दिया.
नकवी ने कहा अगर वे यह सोच रही हैं कि इस मामले को दबाकर लोगों के आक्रोश को खत्म कर देंगी, तो वो गलत सोच रही हैं. इस मामले ने बंगाल ही नहीं, बल्कि पूरे देश के लोगों को आक्रोशित किया है. उन्हें चाहिए कि आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई कर प्रदेश में कानून-व्यवस्था सुनिश्चित करें. यह भी पढ़ें : Madhya Pradesh: मध्य प्रदेश में सरकारी अस्पताल में इलाज के दौरान नवजात के जलने का आरोप
वरिष्ठ भाजपा नेता ने आगे कहा, “चिट्ठी पत्री, धरना मार्च, प्रोटेस्ट करने से बेहतर है कि इस मामले की वजह से प्रदेश के लोगों पर जो जख्म लगा है, उसे ठीक करें. आपकी चिट्ठी पत्री और लीपापोती से आपको ज्यादा दिनों तक सफलता नहीं मिलेगी. अगर आपको लगता है कि आपके इस लीपापोती से आपको मुक्ति मिल जाएगी, तो मैं आपको बता दूं कि ऐसा बिल्कुल भी नहीं होने वाला है, क्योंकि प्रदेश के लोगों का गुस्सा वाजिब है. हम एक बार फिर से मांग करते हैं कि आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई कर महिलाओं को सुरक्षित माहौल प्रदान करने की दिशा में कड़े कदम उठाए जाएं.”
बता दें कि कोलकाता स्थित आरजी कर मेडिकल कॉलेज में एक प्रशिक्षु महिला डॉक्टर की दुष्कर्म के बाद हत्या कर दी गई थी. इस जघन्य मामले को लेकर देशभर में आक्रोश देखने को मिल रहा है. प्रदर्शनकारी डॉक्टरों का दो टूक कहना है कि जब तक आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई नहीं की जाएगी, तब तक उनका प्रदर्शन जारी रहेगा.
हालांकि, अब तक इस मामले में मुख्य आरोपी गिरफ्तार हो चुका है. बीते दिनों इसका पॉलीग्राफी टेस्ट भी हुआ था. सीबीआई इस मामले की जांच कर रही है. इस मामले को लेकर कोलकाता में छात्रों ने ‘नबन्ना मार्च’ भी किया था. इसमें हजारों की संख्या में छात्र शामिल हुए और आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की थी, मार्च में शामिल कई छात्रों को गिरफ्तार भी किया गया था. इसके जवाब में बीजेपी ने 'बंगाल बंद' का आह्वान किया. जो 12 घंटे का था.
उधर, पीड़िता के पिता का आरोप है कि मुख्यमंत्री ममता अपनी कार्यशैली से लोगों के आक्रोश को दबाने का प्रयास कर रही है. उन्होंने इस पर भी आशंका जताई थी कि अगर लोगों का आक्रोश थमा, तो इस मामले को ठंडे बस्ते में डाल दिया जाएगा. इसके अलावा, बीजेपी ने बीते दिनों यह भी आरोप लगाया था कि ममता बनर्जी इस जघन्य मामले में संलिप्त आरोपियों को बचाने का प्रयास कर रही हैं.
(The above story first appeared on LatestLY on Aug 31, 2024 02:43 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

