मध्य प्रदेश में मानवता शर्मसार, मोटरसाइकिल पर मां की लाश बांधकर पोस्टमार्टम कराने पहुंचा बेबस बेटा
सरकार के विकास के दावों की पोल खोल कर रख देनेवाला एक वीडियो सामने आया है. यह हृदयविदारक घटना मध्य प्रदेश के टीकमगढ़ जिले का है, जो सिस्टम पर कई सारे सवाल खड़े करती है. दरअसल, एंबुलेंस नहीं मिलने पर एक बेबस बेटा अपनी मां को मोटरसाइकिल पर बांधकर पोस्टमार्टम के लिए लाता है.
भोपाल: सरकार के विकास के दावों की पोल खोल कर रख देने वाला एक वीडियो सामने आया है. यह हृदयविदारक घटना मध्य प्रदेश के टीकमगढ़ जिले का है, जो सिस्टम पर कई सारे सवाल खड़े करती है. दरअसल, एंबुलेंस नहीं मिलने पर एक बेबस बेटा अपनी मां को मोटरसाइकिल पर बांधकर पोस्टमार्टम के लिए लाता है. अपनी मां की लाश ढोते लाचार बेटे की मजबूरी न सिर्फ राज्य के अस्पतालों की बदइंतजामी को दिखाती है बल्कि सरकरी तंत्र पर बड़ा तमाचा है.
जानकारी के मुताबिक रविवार को टीकमगढ़ जिले के मस्तपुर गांव की रहनेवाली कुंवर बाई की सांप के काटने से मौत हो गई थी. सांप काटने के बाद परिजन मृतक महिला को लेकर मोहनगढ़ कम्युनिटी सेंटर पहुंचे थे लेकिन महिला को बचाया नहीं जा सका.
#WATCH Tikamgarh: Man brought dead body of mother on a motorcycle for post mortem after being allegedly denied hearse van by district hospital in Mohangarh. Upper Collector has ordered an inquiry. (7.7.18) #MadhyaPradesh pic.twitter.com/zyrjasFTVe
— ANI (@ANI) July 11, 2018
वहीं सूचना पाकर पहुंची पुलिस ने शव का पोस्टमॉर्टम कराने की बात कही. जिसके बाद मृतक महिला के बेटे ने सरकारी अस्पताल में एंबुलेंस के लिए फोन किया परंतु कई बार फोन करने के बाद भी उसे इसका जवाब नहीं दिया गया. जिसके बाद थक हारकर बेटे ने अपनी मां के शव को मोटरसाइकिल पर ले जाने का फैसला किया. और फिर मोटरसाइकिल पर बांधकर कई किलोमीटर दूर मोहनगढ़ स्थित पोस्टमॉर्टम हाउस लेकर गया.
हालांकि मीडिया में खबर आने के बाद जिले के कलेक्टर ने जांच के आदेश दें दिए है. जिला कलेक्टर अभिजीत अग्रवाल ने कहा कि स्वास्थ्य विभाग की ओर से युवक की मां को अस्पताल से घर वापस लाने के लिए गाड़ी के लिए पूछा गया था. लेकिन वह मां को इलाज के लिए मंदिर में लेकर जाना चाहता था. अग्रवाल ने कहा कि अगर युवक 108 पर एंबुलेंस के लिए संपर्क करता तो उन्हें जिला अस्पताल तक लेकर जाने के लिए शव वाहन मुहैया कराई जाती.
ज्ञात हो कि इस प्रकार का यह पहला मामला नहीं है. इससे पहले भी देश के अन्य राज्यों से भी ऐसे मामले आते रहे है जिसके बाद वहां के प्रशासन की नींद खुलती है.
(The above story first appeared on LatestLY on Jul 11, 2018 10:25 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

