सचिन पायलट के राजस्थान CM बनने से ज्यादा उनकी वाइफ सारा के बारे में जानने को उत्सुक है इंटरनेट यूजर्स
राजस्थान से जल्द ही बड़ी खबर आ सकती है. दरअसल कांग्रेस आलाकमान अशोक गहलोत और सचिन पायलट में से किसी एक को राजस्थान का सीएम घोषित कर सकती है. राजस्थान विधानसभा चुनाव में कांग्रेस को मिली जीत का श्रेय काफी हद तक पार्टी की नई पीढ़ी के नेता सचिन पायलट को जाता है.
नई दिल्ली: राजस्थान (Rajasthan) से जल्द ही बड़ी खबर आ सकती है. दरअसल कांग्रेस आलाकमान अशोक गहलोत और सचिन पायलट (Sachin Pilot) में से किसी एक को राजस्थान का सीएम घोषित कर सकती है. राजस्थान विधानसभा चुनाव में कांग्रेस को मिली जीत का श्रेय काफी हद तक पार्टी की नई पीढ़ी के नेता सचिन पायलट को जाता है, जिन्होंने जमीनी स्तर पर पार्टी को राज्य की जनता से जोड़कर जीत पक्की की. लेकिन आपको यह जानकर हैरानी होगी कि इंटरनेट पर 'सचिन पायलट सीएम' से ज्यादा सचिन पायलट वाइफ (Sarah Pilot) ज्यादा सर्च किया जा रहा है.
गूगल ट्रेंड्स के मुताबिक, भारत में इंटरनेट पर 'सचिन पायलट सीएम' से ज्यादा 'सचिन पायलट पत्नी' ज्यादा सर्च की जा रही है. आकड़ों में साफ़ देखा जा सकता है, कैसे लोग पिछले सात दिनों में 'सचिन पायलट पत्नी' शब्द को ज्यादा सर्च कर रहे है. बता दें कि सचिन पायलट और अशोक गहलोत दोनों ने राजस्थान से विधानसभा चुनाव लड़ा था और दोनों जीते. गहलोत व पायलट के बीच लगातार सीएम पद के लिए रस्साकशी चल रही है. जयपुर और दिल्ली में कांग्रेस मुख्यालय के बाहर सचिन पायलट के समर्थको के प्रदर्शन करने की भी खबर हैं.
ऐसी है लव स्टोरी-
सचिन और सारा लंदन में पढ़ते थे. इस दौरान दोनों की मुलाकात हुई. लंदन में पढ़ाई पूरी करने के बाद सचिन वापस दिल्ली लौट आए. तो वहीं सारा पढ़ाई पूरी करने के लिए लंदन में ही रुकी थीं. एक कार्यक्रम में सारा ने कहा था, “हम दोनों फोन, मैसेज, ईमेल से एक दूसरे के संपर्क में रहते थे. फोन पर लंबी बातें होती थीं. बिल बहुत ज्यादा आ जाता था.” इस दौरान दोनों बहुत करीब आ गए और आखिरकार तीन साल तक डेट करने के बाद साल 2004 में शादी कर ली.

सारा पायलट जम्मू एवं कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री फारूक अब्दुल्ला की बेटी है. इसके अलावा जम्मू एवं कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला की बहन भी है. सारा का भले ही पूरा परिवार राजनीति से जुड़ा हुआ है लेकिन उन्होंने खुद को इससे दूर रखा और अपनी एक अलग और सशक्त पहचान बनाई है. योग प्रशिक्षक रह चुकीं सारा समाजसेवा में ज्यादा सक्रिय रहती हैं. वह महिलाओं का आत्मनिर्भर बनना बेहद जरूरी मानती हैं.
सारा चाहती हैं महिलाओं की आजादी और इतनी छूट कि वे जो करना चाहती हैं, सब कर सकें. बताया जाता है की एक बड़े राजनीतिक परिवार की बेटी और बहू सारा को राजनीति में ज्यादा दिलचस्पी नहीं है. सारा महिला सशक्तीकरण से जुड़े मुद्दों के काम करती हैं. वह कई समाजसेवी संगठनों का भी हिस्सा हैं. चूंकि सारा खुद कश्मीर से हैं, इसलिए वह कश्मीर और कश्मीरी शिल्प से काफी लगाव रखती हैं.
(The above story first appeared on LatestLY on Dec 13, 2018 04:18 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

