केरल की दो पार्टियों ने आपस में हाथ मिलाने का फैसला किया
केरल कांग्रेस (स्कारिया थॉमस) और केरल कांग्रेस (बी) ने विलय का निर्णय लिया है. मंगलवार को राजधानी में इसकी आधिकारिक घोषणा की जाएगी. केरल कांग्रेस (स्कारिया थॉमस), मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) की अगुआई वाले वाम लोकतांत्रिक मोर्चा (एलडीएफ) सरकार का पूर्ण सहयोगी दल है,
कोल्लम : केरल कांग्रेस (स्कारिया थॉमस) और केरल कांग्रेस (बी) ने विलय का निर्णय लिया है. मंगलवार को राजधानी में इसकी आधिकारिक घोषणा की जाएगी. केरल कांग्रेस (स्कारिया थॉमस), मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) की अगुआई वाले वाम लोकतांत्रिक मोर्चा (एलडीएफ) सरकार का पूर्ण सहयोगी दल है, वहीं आर. बालाकृष्णन पिल्लई की केरल कांग्रेस (बी) वाम मोर्चा की सहयोगी पार्टी है. इस पार्टी ने 2015 में कांग्रेस की अगुआई वाले युनाइटेड डेमोक्रेटिक फ्रंट से अलग होने का फैसला किया था.
थॉमस और पिल्लई ने सोमवार को यहां मुख्यमंत्री पिनारई विजयन से मुलाकात की और उनके फैसले पर बात की.
थॉमस ने संवाददाताओं से कहा, "मुख्यमंत्री हमारे नेता हैं और यह स्वाभाविक है कि हम हर मुद्दे पर उनसे चर्चा करें."
थॉमस की पार्टी में कोई विधायक नहीं है. पिल्लई की पार्टी का एक विधायक है. पिल्लई के बेटे के.बी. गणेश कुमार विधायक हैं.
वर्तमान में एलडीएफ में छह घटक हैं और सभी मंत्रीमंडल में शामिल हैं.
(The above story first appeared on LatestLY on Jul 23, 2018 06:32 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

