राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ प्रमुख मोहन भागवत ने कहा- देश में संवेदनशीलता की कमी के कारण कानून प्रभावी तरीके से लागू नही हो पाता है
राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ प्रमुख मोहन भागवत ने शनिवार को कहा कि देश में सशक्त संविधान और कानून है पर लोगों में संवेदनशीलत की कमी के कारण ये प्रभावी तरीके से लागू नहीं हो पाते.
मुंबई: राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ प्रमुख मोहन भागवत (Mohan Bhagwat) ने शनिवार को कहा कि देश में सशक्त संविधान और कानून है पर लोगों में संवेदनशीलत की कमी के कारण ये प्रभावी तरीके से लागू नहीं हो पाते. वह नूतन गुलगुले फाउंडेशन के एक समारोह में लोगों को संबोधित कर रहे थे.
मोहन भागवत ने कहा कि धर्म को केवल पुस्तकों में नहीं पढ़ा जाना चाहिए बल्कि इसे जीवन शैली में अपनाया जाना चाहिए और मनुष्यों को मनुष्यों की तरह ही व्यवहार करना चाहिये. यह फाउंडेशन दिव्यांग लोगों के कल्याण के लिए काम करता है.
यह भी पढ़ें- राम मंदिर पर मोहन भागवत ने कहा- न्याय में देरी भी अन्याय, अब जनता के दबाव पर ही सरकार लाएगी कानून
उन्होंने कहा, ‘‘ हमारे पास सशक्त संविधान, कानून है लेकिन लोगों में संवेदनशीलता की कमी होने से वे प्रभावी तरीके से लागू नहीं हो पाते.’’
संबंधित खबरें
Shinde on Salman Khan: सलमान खान के RSS कार्यक्रम में जाने पर सियासत तेज, डिप्टी सीएम एकनाथ शिंदे ने किया बचाव, कही ये बात; VIDEO
Ayodhya Flag Hoisting: राम मंदिर ध्वजारोहण समारोह में सपने, संघर्ष और बलिदान आज हुए सार्थक- मोहन भागवत
Ayodhya Ram Mandir: पीएम मोदी ने रामलला के दरबार में लगाई हाजिरी, भागवत भी रहे मौजूद
'आरएसएस को गुरु दक्षिणा से मिलता है धन', मोहन भागवत ने बताई संघ के सफर की कहानी
\