एडिटेड Video से फैलाया जा रहा झूठ; विदेश मंत्री ने नहीं मानी पाकिस्तान के साथ जंग में राफेल के नुकसान की बात
हाल ही में सोशल मीडिया पर एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें दावा किया गया है कि भारत के विदेश मंत्री एस जयशंकर (S Jaishankar) ने पाकिस्तान के साथ कथित सैन्य टकराव के दौरान भारत के तीन राफेल फाइटर जेट्स के नुकसान को स्वीकार किया है.
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Fact Check: हाल ही में सोशल मीडिया पर एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें दावा किया गया है कि भारत के विदेश मंत्री एस जयशंकर (S Jaishankar) ने पाकिस्तान के साथ कथित सैन्य टकराव के दौरान भारत के तीन राफेल फाइटर जेट्स के नुकसान को स्वीकार किया है. वीडियो में जयशंकर को यह कहते हुए दिखाया गया है कि पाकिस्तान ने रात के समय बड़ा हमला किया था, जिससे भारत ने तीन राफेल खो दिए.
PIB Fact Check ने इस वीडियो को पूरी तरह फर्जी और एडिटेड करार दिया है. सरकार की ओर से साफ किया गया है कि यह वीडियो डिजिटल रूप से बदला गया है, और विदेश मंत्री ने ऐसा कोई बयान नहीं दिया है. वीडियो को AI यानी आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की मदद से एडिट किया गया है.
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किस वीडियो को बनाया गया निशाना?
यह फर्जी क्लिप, विदेश मंत्रालय के आधिकारिक यूट्यूब चैनल पर 1 जुलाई 2025 को लाइव-स्ट्रीम किए गए एस. जयशंकर और Newsweek के CEO देव प्रगद के एक इंटरव्यू को एडिट करके बनाया गया है. जांच में सामने आया कि वायरल वीडियो में जयशंकर के चेहरे के हाव-भाव और आवाज में एडिट साफ देखे जा सकते हैं, जो AI-डीपफेक वीडियो की विशेषता होती है. वहीं, मूल वीडियो में ऐसा कोई बयान या संकेत नहीं मिलता.
PIB ने बताया फर्जी दावा
🚨सोशल मीडिया पर वायरल एक वीडियो में झूठा दावा किया गया है कि विदेश मंत्री @DrSJaishankar ने पाकिस्तान के हाथों तीन भारतीय राफेल जेट के नुकसान को स्वीकार किया है।#PIBFactCheck
❌ फर्जी दावा अलर्ट!
❌ यह वीडियो डिजिटल रूप से बदला गया है pic.twitter.com/DJ7doIzMUm
— आकाशवाणी समाचार (@AIRNewsHindi) July 15, 2025
AI और Deepfake से कैसे फैलाई जाती है गलत जानकारी?
यह घटना एक बार फिर यह साबित करती है कि Deepfake तकनीक का इस्तेमाल कर किसी भी व्यक्ति की छवि और शब्दों के साथ आसानी से छेड़छाड़ की जा सकती है. खासकर राजनीतिक नेताओं और अधिकारियों के संदर्भ में यह बेहद खतरनाक हो सकता है, क्योंकि यह जनता में झूठा भ्रम और अस्थिरता पैदा कर सकता है.
क्या सावधानी रखनी चाहिए?
- किसी भी संवेदनशील दावे वाले वीडियो को तुरंत सच न मानें.
- सरकारी संस्थाओं के आधिकारिक चैनल जैसे PIB Fact Check, MEA और प्रेस रिलीज़ को देखें.
- वीडियो के हावभाव, ऑडियो क्लिपिंग और स्पीच सिंक पर ध्यान दें.
- ऐसे फर्जी वीडियो को फॉरवर्ड या शेयर करने से बचें.
एस. जयशंकर द्वारा तीन राफेल विमानों के नुकसान की बात स्वीकारना पूरी तरह झूठ और गढ़ा गया है. इस तरह के वीडियो का मकसद सिर्फ जनता को गुमराह करना और राष्ट्रीय सुरक्षा के मामलों पर भ्रम फैलाना होता है.
(The above story first appeared on LatestLY on Jul 15, 2025 07:06 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

