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Mumbai: इस दिवाली खूब हुआ पटाखों का शोर, जमकर हुई आतिशबाजी से बढ़ा वायु और ध्वनि प्रदूषण का लेवल

आवाज़ फाउंडेशन (Awaaz Foundation) द्वारा एकत्र किए गए आंकड़ों के अनुसार, रविवार को दिवाली के दौरान मुंबई में न केवल वायु प्रदूषण का स्तर खराब था, बल्कि ध्वनि प्रदूषण का स्तर भी अधिक था.

Mumbai: इस दिवाली खूब हुआ पटाखों का शोर, जमकर हुई आतिशबाजी से बढ़ा वायु और ध्वनि प्रदूषण का लेवल
Mumbai Pollution | PTI

आवाज़ फाउंडेशन (Awaaz Foundation) द्वारा एकत्र किए गए आंकड़ों के अनुसार, रविवार को दिवाली के दौरान मुंबई में न केवल वायु प्रदूषण का स्तर खराब था, बल्कि ध्वनि प्रदूषण का स्तर भी अधिक था. आवाज फाउंडेशन ने दक्षिण मुंबई में शोर का स्तर 72 डेसिबल और 117 डेसिबल के बीच पाया - जो दिन के दौरान 50-55 डेसिबल और रात में 40-45 डेसिबल की स्वीकार्य सीमा से काफी ऊपर है. एनजीओ की संस्थापक सुमैरा अब्दुलाली ने कहा, मरीन ड्राइव पर शोर का स्तर 2022 (109.1 डेसीबल) और शिवाजी पार्क में 2021 (100.4 डेसीबल) से अधिक था. वहीं शिवाजी पार्क में, लोगों ने बॉम्बे हाई कोर्ट की रात 8 बजे की समय-सीमा से पहले, शाम लगभग 7.45 बजे पटाखे फोड़ना शुरू कर दिया. दिल्ली में प्रतिबंध के बावजूद जमकर हुई आतिशबाजी, वायु गुणवत्ता का बुरा हाल.

पुलिस ने रात 10:10 बजे के बाद ही पटाखे फोड़ना बंद कराना शुरू कर दिया था. इस संबंध में निर्देशों का पालन नहीं करने पर कुछ लोगों को हिरासत में भी लिया. आवाज फाउंडेशन के मुताबिक मरीन ड्राइव पर रात 9 बजे के बाद पटाखे फोड़ना बढ़ गया.

मुंबई पुलिस ने पटाखों और वायु प्रदूषण पर बॉम्बे हाईकोर्ट के आदेशों के उल्लंघन के लिए 806 लोगों के खिलाफ 784 मामले दर्ज किए हैं. इन 806 व्यक्तियों में से 734 व्यक्तियों के विरूद्ध दंडात्मक कार्यवाही की गई.

मुंबई के अधिकांश इलाकों में लोग लगभग आधी रात तक पटाखे फोड़ते रहे. दादर समुद्र तट पर ध्वनि का स्तर 85 डेसिबल दर्ज किया गया, कोलाबा मछली पकड़ने वाली कॉलोनी में यह 82 डेसिबल था, और मरीन ड्राइव पर लगभग 11.30 बजे रात में यह 117 डेसिबल पर पहुंच गया. अब्दुलअली की शिकायत के बाद, स्थानीय पुलिस ने उन लोगों को रोकना या हिरासत में लेना शुरू कर दिया जो हाई कोर्ट की समय सीमा का उल्लंघन कर पटाखे फोड़ रहे थे.

अब्दुलअली ने चेतावनी दी कि दिवाली के बाद की अवधि में हवा में बेरियम सहित ये हानिकारक रसायन शामिल होंगे और खराब एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) के लिए जिम्मेदार होंगे.

(The above story first appeared on LatestLY on Nov 13, 2023 08:30 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).