
मुंबई: महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने विकिपीडिया पर छत्रपति संभाजी महाराज के बारे में गलत और आपत्तिजनक जानकारी को हटाने के लिए राज्य की साइबर पुलिस को कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं. यह कदम बॉलीवुड फिल्म "छावा" की रिलीज के बाद उठाया गया है, जिसने मराठा इतिहास से जुड़े विवाद को हवा दे दी है.
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कुछ संगठनों ने विकिपीडिया पर छत्रपति संभाजी महाराज से जुड़ी ऐतिहासिक गलतियों और विकृत तथ्यों की ओर सरकार का ध्यान आकर्षित किया. इस पर प्रतिक्रिया देते हुए फडणवीस ने कहा कि इतिहास के साथ किसी भी प्रकार की छेड़छाड़ सहन नहीं की जाएगी.
उन्होंने कहा, "मैंने महाराष्ट्र साइबर सेल के महानिरीक्षक को निर्देश दिया है कि वे विकिपीडिया अधिकारियों से संपर्क करें और छत्रपति संभाजी महाराज के बारे में आपत्तिजनक सामग्री को हटाने की मांग करें. ऐसे ऐतिहासिक तथ्यों को तोड़-मरोड़कर पेश करना बर्दाश्त नहीं किया जाएगा."
विकिपीडिया को लेकर चुनौतियां
मुख्यमंत्री ने यह भी स्वीकार किया कि विकिपीडिया जैसे खुले स्त्रोत (Open Source) पर नियंत्रण पाना आसान नहीं है. उन्होंने कहा, "विकिपीडिया भारत से संचालित नहीं होता और यह स्वयंसेवकों द्वारा प्रबंधित किया जाता है, जो इसमें संपादन कर सकते हैं. लेकिन हम उनसे अनुरोध करेंगे कि वे ऐतिहासिक तथ्यों के साथ छेड़छाड़ रोकने के लिए सख्त नियम लागू करें."
सोशल मीडिया पर निगरानी की जरूरत
फडणवीस ने इस मुद्दे को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स के नियमन से भी जोड़ा. उन्होंने कहा कि सरकार सोशल मीडिया पर अनुचित और आपत्तिजनक सामग्री पर कार्रवाई करने के लिए केंद्र सरकार से चर्चा करेगी.
उन्होंने चेतावनी दी कि, "अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता की अपनी सीमाएं होती हैं. जब अश्लीलता या गलत जानकारी हद से बाहर जाती है, तो सरकार कार्रवाई कर सकती है."
कैबिनेट दस्तावेज लीक होने पर सख्त रुख
फडणवीस ने यह भी बताया कि कुछ सरकारी फैसलों से जुड़े कैबिनेट एजेंडा दस्तावेज बैठक से पहले ही लीक हो रहे हैं. उन्होंने इसे गोपनीयता भंग करने वाला कृत्य बताते हुए मंत्रियों और अधिकारियों को सख्त चेतावनी दी. उन्होंने कहा, "मैंने सभी मंत्रियों को निर्देश दिया है कि कैबिनेट बैठक से पहले कोई भी दस्तावेज़ लीक न किया जाए. यदि यह जारी रहा, तो मुझे कड़ी कार्रवाई करनी होगी. कानून मत तोड़िए."