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जम्मू-कश्मीर: कोरोना संकट में भेड़-बकरी चराने वाले गरीबों के बच्चों के लिए आर्मी चला रही है मुफ्त ओपन सामुदायिक स्कूल, छात्रों ने जताया आभार

कोरोना संकट के बीच जम्मू-कश्मीर के रामबन जिले में सेना बकरवाल समुदाय (भेड़-बकरी चराने वाले) के बच्चों के लिए पिछले एक महीने से मुफ्त ओपन सामुदायिक स्कूल चला रही है, ताकि लॉकडाउन में उन बच्चों की पढ़ाई बाधित न हो सके. यहां सामुदायिक स्कूल में पढ़ने के लिए रोजाना बच्चे आते हैं. इन छात्रों ने आर्मी स्कूल खोलने के लिए आर्मी वालों का आभार व्यक्त किया है.

जम्मू-कश्मीर: कोरोना संकट में भेड़-बकरी चराने वाले गरीबों के बच्चों के लिए आर्मी चला रही है मुफ्त ओपन सामुदायिक स्कूल, छात्रों ने जताया आभार
मुफ्त ओपन सामुदायिक स्कूल (Photo Credits: ANI)

श्रीनगर: पूरी दुनिया कोरोना वायरस महामारी (Coronavirus Pandemic) के खिलाफ जंग लड़ रही है, लेकिन अभी तक के सारे प्रयास नाकाफी साबित होते दिख रहे हैं. कोविड-19 के प्रकोप (COVID-19 Outbreak) के चलते देश में तमाम स्कूल (Schools) और कॉलेजों (College) को बंद किया गया है, जिससे छात्रों की पढ़ाई बाधित हो रही है. हालांकि कई स्कूल और कॉलेज ऑनलाइन शिक्षा (Online Education) के जरिए बच्चों को पढ़ा रहे हैं, ताकि कोरोना संकट (Corona Crisis) के कारण उनकी पढ़ाई बाधित न हो सके. वहीं जम्मू-कश्मीर (Jammu And Kashmir) में भी कोरोना के प्रकोप के कारण स्कूल बंद हैं, ऐसे में भारतीय सेना (Indian Army) ने गरीब बच्चों की शिक्षा को जारी रखने के लिए एक सराहनीय पहल की है.

कोरोना संकट के बीच जम्मू-कश्मीर के रामबन जिले में सेना बकरवाल समुदाय (भेड़-बकरी चराने वाले) के बच्चों के लिए पिछले एक महीने से मुफ्त ओपन सामुदायिक स्कूल चला रही है, ताकि लॉकडाउन में उन बच्चों की पढ़ाई बाधित न हो सके. यहां सामुदायिक स्कूल में पढ़ने के लिए रोजाना बच्चे आते हैं. इन छात्रों ने आर्मी स्कूल खोलने के लिए आर्मी वालों का आभार व्यक्त किया है. यह भी पढ़ें: बिहार: कोविड-19 के कारण सरकारी स्कूल के बच्चों को नहीं मिल रहा मिड-डे मील, अभिभावकों ने प्रशासन के खिलाफ जताई नाराजगी

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गौरतलब है कि देश के विभिन्न राज्यों की तरह जम्मू-कश्मीर में भी कोरोना संक्रमण के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं. अब तक यहां कोविड-19 के 8,675 मामलों की पुष्टि हो चुकी है, जबकि मरने वालों की तादात 138 तक पहुंच गई है. हालांकि यहां राहत की बात यह भी है कि इलाज के जरिए अब तक 5,318 मरीज ठीक भी हुए हैं.

(The above story first appeared on LatestLY on Jul 08, 2020 10:33 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).