Farmers Protest: सोनिया गांधी की मांग, सत्ता का अहंकार छोड़ तीनों कृषि कानून वापस ले मोदी सरकार
कांग्रेस की अंतरिम अध्यक्ष सोनिया गांधी ने मोदी सरकार पर 'अहंकार' का आरोप लगाया है, उन्होंने कहा कि सरकार अब सत्ता के अपने अहंकार को दूर कर 'राजधर्म' का पालन करे और तीनों काले कृषि कानूनों को वापस ले.
नई दिल्ली, 3 जनवरी: कांग्रेस (Congress) की अंतरिम अध्यक्ष सोनिया गांधी (Soniya Gandhi) ने मोदी सरकार पर 'अहंकार' का आरोप लगाया है, उन्होंने कहा कि सरकार अब सत्ता के अपने अहंकार को दूर कर 'राजधर्म' का पालन करे और तीनों काले कृषि कानूनों को वापस ले. उन्होंने एक बयान में कहा, "मोदी (Modi) सरकार के पास अभी भी समय है कि वह सत्ता के अहंकार से बाहर आकर किसानों के आंदोलन को खत्म करने के लिए तीनों नए केंद्रीय कृषि कानूनों को वापस ले ले. यह 'राजधर्म' निभाना उन दिवंगत आत्माओं को सच्ची श्रद्धांजलि होगी, जिन्होंने विरोध प्रदर्शन के दौरान अपनी जान गवां दी."
उन्होंने दावा करते हुए कहा, "आजादी के बाद पहली बार एक अभिमानी सरकार सत्ता में आई है. यह किसानों के दर्द और पीड़ा को भी नहीं देख रही है, आम आदमी के बारे में तो भूल ही जाओ." कांग्रेस प्रमुख ने कहा कि विरोध प्रदर्शन करते हुए 50 से अधिक किसानों ने अपनी जान गंवाई है, जिनमें कुछ ने सरकार के आचरण के कारण आत्महत्या कर ली तो कई की जान ठंड में ठिठुरने से गई.यह भी पढ़े: Sharad Pawar: सोनिया गांधी के बाद UPA अध्यक्ष बन सकते हैं शरद पवार, अगले महीने मिल सकती है जिम्मेदारी, NCP ने दिया ये जवाब.
सोनिया गांधी ने आरोप लगाया कि मोदी सरकार का मुख्य एजेंडा कुछ पूंजीपतियों को लाभ पहुंचाना है. लेकिन एक लोकतंत्र में, जो सरकार अपने लोगों की बात नहीं सुनती, वह लंबे समय तक नहीं चलती. सरकार को पता होना चाहिए कि लोकतंत्र का मतलब है किसानों और मजदूरों के हितों की रक्षा करना. वहीं ठंड, कोहरे और बारिश ने दिल्ली की सीमाओं पर विरोध प्रदर्शन कर रहे किसानों, महिलाओं और बच्चों की परेशानी बढ़ा दी है.
(The above story first appeared on LatestLY on Jan 03, 2021 06:18 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

