Hyderabad Based Call Centre Dupes US Citizens: हैदराबाद के माधापुर इलाके में चल रहे एक फर्जी कॉल सेंटर का पर्दाफाश हुआ है, जो अमेरिकी नागरिकों को ठगने के लिए बनाया गया था. तेलंगाना साइबर सुरक्षा ब्यूरो (TGCSB) ने बुधवार शाम इस कॉल सेंटर पर छापा मारकर बड़ा फर्जीवाड़ा पकड़ा. TGCSB निदेशक शिखा गोयल के अनुसार, इस धोखाधड़ी का मास्टरमाइंड कैवन पटेल और रुपेश कुमार उर्फ जड्डू था, जो गुजरात से इस गिरोह का संचालन कर रहा था. इनके साथ रुपेश का दुबई में स्थित भाई विक्की और एक अन्य सहयोगी आज़ाद भी शामिल था.
पुलिस ने छापेमारी के दौरान 52 लैपटॉप, 63 मोबाइल फोन और 27 कर्मचारी पहचान पत्र जब्त किए हैं.
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हैदराबाद में कॉल सेंटर के नाम पर अमेरिकी नागरिकों से ठगी
Hyderabad-Based Call Centre Dupes US Citizens; Telangana Cyber Security Bureau Busts Racket
A Hyderabad-based call centre involved in defrauding US citizens was busted by the Telangana Cyber Security Bureau (TGCSB) following a raid at a Madhapur building on Wednesday evening.… pic.twitter.com/7WSNef2JGc
— Sudhakar Udumula (@sudhakarudumula) March 6, 2025
क्या है पूरा मामला?
मुख्य आरोपी चंदा मनस्विनी (36) ने ‘एक्ज़िटो सॉल्यूशंस’ नाम की कंपनी बनाकर एक पूरी मंज़िल किराए पर ली थी और इसमें 63 कर्मचारियों को काम पर रखा गया था. इनमें से 40 लोग उत्तर-पूर्वी राज्यों के थे. उन्हें हर महीने ₹30,000 सैलरी, मुफ्त आवास और ट्रांसपोर्ट सुविधा दी जाती थी.
अमेरिकी नागरिकों को बनाते थे शिकार
इस कॉल सेंटर में काम करने वाले टेलीकॉलर खुद को PayPal कंपनी का प्रतिनिधि बताकर अमेरिकी नागरिकों को फोन करते थे. वे उन्हें झूठी सूचना देते कि उनके अकाउंट में कोई संदिग्ध लेनदेन हुआ है. इससे घबराकर लोग अपनी पर्सनल डिटेल्स शेयर कर देते थे, जिसके बाद उनके बैंक अकाउंट से पैसे निकाल लिए जाते थे.
हर दिन ठगे जाते थे 600 लोग
हर टेलीकॉलर को रोज़ाना 10 लोगों को ठगने का टारगेट दिया जाता था. इस तरह रोज़ाना करीब 600 लोगों को निशाना बनाया जाता था, जिससे हजारों डॉलर की ठगी की जाती थी. बाद में ये पैसे क्रिप्टोकरेंसी में बदलकर डिजिटल वॉलेट्स में ट्रांसफर कर दिए जाते थे.
पुलिस को शक है कि किसी अंदरूनी शख्स ने PayPal के ग्राहकों की जानकारी चंदा मनस्विनी को दी थी, जिससे ठगी को अंजाम दिया गया.
आगे क्या?
अभी पुलिस इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों को पकड़ने की कोशिश कर रही है. मुख्य आरोपी रुपेश कुमार की तलाश जारी है. पुलिस का कहना है कि इस घोटाले के तार कई बड़े ठगों से जुड़े हो सकते हैं और इसकी गहराई से जांच की जा रही है.













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