कर्नाटक में भाजपा नेता पर अवैध रूप से पद पर बने पर मामला दर्ज
बीजेपी (Photo Credits PTI)

बेंगलुरु, 18 अक्टूबर : कर्नाटक राज्य हस्तशिल्प विकास निगम लिमिटेड (केएसएचडीसीएल) के पूर्व अध्यक्ष और भाजपा नेता बेलूर राघवेंद्र शेट्टी पर अवैध रूप से पद पर बने रहने के आरोप में मामला दर्ज किया गया है. पुलिस ने मंगलवार को यह जानकारी दी. इस संबंध में केएसएचडीसीएल के प्रबंध निदेशक नारायण के नाइक द्वारा शेट्टी और उनके सचिव परमेश्वर गणपति भट के खिलाफ अशोक नगर थाने में शिकायत दर्ज कराई गई थी. निगम को कंपनी अधिनियम के तहत पंजीकृत किया गया है. शेट्टी को 24 नवंबर, 2020 को सत्तारूढ़ भाजपा सरकार द्वारा अध्यक्ष और निदेशक के रूप में नियुक्त किया गया था. वर्तमान में, सरकार ने उनके पदों को वापस ले लिया था.

उन पर डीआईएन (विशिष्ट पहचान संख्या) के अमान्य होने के बाद भी अध्यक्ष पद पर बने रहने का आरोप है. कंपनी के अधिनियम के अनुसार, डीआईएन के अमान्य हो जाने पर कोई व्यक्ति निदेशक के पद पर नहीं बना रह सकता है. आरोप है कि शेट्टी ने अपने डीआईएन के अमान्य होने की बात सरकार और निगम के सामने छुपाई और 1 साल 8 महीने तक निगम के अध्यक्ष के रूप में बने रहे. साथ ही उन्हें 33.68 लाख रुपये वेतन और भत्ते मिले थे. यह भी पढ़ें : Helicopter Crash In Kedarnath: अमित शाह ने केदारनाथ हेलीकॉप्टर दुर्घटना पर दुख जताया

इस बीच, राघवेंद्र शेट्टी ने स्पष्ट किया है कि एमडी और अध्यक्ष बनने के लिए एक विशिष्ट पहचान संख्या (डीआईएन) होना अनिवार्य नहीं है. उन्होंने कहा, "मैंने इस तथ्य को जानने के बाद निगम में सेवा की है. मैंने कोई अवैध काम नहीं किया है. मेरे राजनीतिक करियर को खत्म करने और खुद को बचाने के लिए साजिश कुछ लोगों द्वारा की जा रही है. मैं कानूनी रूप से इस मामले से लड़ूंगा." इससे पहले वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी डी रूपा मौदगिल ने राघवेंद्र शेट्टी पर धोखाधड़ी और कदाचार का आरोप लगाया था. पुलिस ने आगे की जांच शुरू कर दी है.