मध्यप्रदेश में सड़कों का 'असैट मैनेजमेंट सिस्टम' होगा लागू, GR टैगिंग के माध्यम से होगी ऑनलाइन मॉनिटरिंग
मध्य प्रदेश में सड़कों के अच्छे संधारण के लिए 'असैट मैनेजमेंट सिस्टम' लागू किया जाएगा, जिससे प्रदेश की सड़कों की स्थिति की जीआर टैगिंग के माध्यम से ऑनलाइन मॉनिटरिंग हो सकेगी. सड़क के दोनों ओर इंडस्ट्रियल क्लस्टर, आधुनिक कृषि, उद्यानिकी क्षेत्र विकसित किए जाएं तथा अन्य विकास की गतिविधियां हों.
भोपाल, 5 दिसंबर: मध्य प्रदेश में सड़कों के अच्छे संधारण के लिए 'असैट मैनेजमेंट सिस्टम' लागू किया जाएगा, जिससे प्रदेश की सड़कों की स्थिति की जीआर टैगिंग के माध्यम से ऑनलाइन मॉनिटरिंग हो सकेगी. मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान (Shivraj Singh Chauhan) ने लोक निर्माण विभाग के कार्यों की समीक्षा करते हुए कहा कि प्रदेश की सड़कों की सतत मॉनिटरिंग की जाए तथा खराब होने से पहले ही सड़कों की मरम्मत हो जाए. प्रदेश की सभी सड़कें उच्च गुणवत्ता की होनी चाहिएं.
ज्ञात हो कि प्रदेश की 45,717 किमी सड़कों का संधारण लोक निर्माण विभाग द्वारा तथा 18,801 किमी सड़कों का संधारण एमपीआरडीसी द्वारा किया जाता है. मुख्यमंत्री चौहान ने नर्मदा एक्सप्रेस-वे को लेकर अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्रदेश में बनने वाले नर्मदा एक्सप्रेस-वे तथा उसके दोनों ओर इस प्रकार का विकास किया जाए कि यह प्रदेश की समृद्धि का रास्ता खोले.
सड़क के दोनों ओर इंडस्ट्रियल क्लस्टर, आधुनिक कृषि, उद्यानिकी क्षेत्र विकसित किए जाएं तथा अन्य विकास की गतिविधियां हों. अमरकंटक से अलीराजपुर तक बनने वाले 948 किमी के नर्मदा एक्सप्रेस-वे का अलाइनमेंट निर्धारण पूर्ण हो गया है तथा प्री-फिजिबिलिटी रिपोर्ट के लिए कायार्देश जारी कर दिए गए हैं.
(The above story first appeared on LatestLY on Dec 05, 2020 09:43 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

