अमित शाह से मुलाकात के बाद मणिपुर के मुख्यमंत्री बोले, केंद्र लोगों के हित में अहम फैसले लेगा
मणिपुर के मुख्यमंत्री एन. बीरेन सिंह ने शनिवार को दिल्ली में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात के बाद कहा कि केंद्र मणिपुर के लोगों के हितों को ध्यान में रखते हुए कुछ महत्वपूर्ण फैसले लेने के लिए तैयार है. जो पिछले नौ महीनों में जातीय हिंसा से तबाह हो गया है.
नई दिल्ली/इंफाल, 4 फरवरी : मणिपुर के मुख्यमंत्री एन. बीरेन सिंह ने शनिवार को दिल्ली में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात के बाद कहा कि केंद्र मणिपुर के लोगों के हितों को ध्यान में रखते हुए कुछ महत्वपूर्ण फैसले लेने के लिए तैयार है. जो पिछले नौ महीनों में जातीय हिंसा से तबाह हो गया है.
गृहमंत्री से मुलाकात के बाद मुख्यमंत्री ने ट्वीट किया, ''आज मुझे नई दिल्ली में माननीय केंद्रीय गृहमंत्री श्री अमित शाह जी से मिलने का गौरव प्राप्त हुआ. गहन आदान-प्रदान में संलग्न होकर, हमने अपने राज्य से संबंधित सर्वोपरि महत्व के मामलों पर चर्चा की. निश्चिंत रहें, भारत सरकार मणिपुर के लोगों के हित में कुछ महत्वपूर्ण निर्णय लेने के लिए तैयार है.'' यह भी पढ़ें : West Bengal Factory Fire Video: मालदा जिले के नारायणपुर में एक फैक्ट्री में लगी भीषड़ आग, मौके पर पहुंचीं दमकल की 2 गाड़ियां, देखें वीडियो
सिंह ने एक अन्य पोस्ट में कहा, “केंद्रीय गृहमंत्री के साथ बैठक के बाद मैंने नॉर्थ ब्लॉक में गृह मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक की. मणिपुर में शांति को बढ़ावा देने के लिए किए गए रणनीतिक उपायों पर सार्थक चर्चा हुई.”
इंफाल में एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि मुख्यमंत्री ने शाह और गृह मंत्रालय के अधिकारियों को मणिपुर, खासकर सीमावर्ती शहर मोरेह की ताजा स्थिति से अवगत कराया. हाल की हिंसक घटनाओं में दंगा प्रभावित राज्य के विभिन्न हिस्सों में संदिग्ध सशस्त्र उग्रवादियों के हमलों में मणिपुर पुलिस के दो कमांडो, कई ग्रामीण स्वयंसेवक और ग्रामीण मारे गए, जबकि बीएसएफ के एक जवान सहित कई अन्य घायल हो गए.
इस बीच, यूनाइटेड नागा काउंसिल (यूएनसी) ने मेइतीस और कुकी-ज़ो समूह से इंफाल घाटी और परिधीय पहाड़ी क्षेत्रों में नागाओं, उनके घरों और संपत्तियों को निशाना बनाने, उकसाने और हमला करने से तुरंत रोकने की अपील की है. यूएनसी ने एक बयान में कहा, "अगर इंफाल घाटी में इस अपील का अनादर किया जाता है, तो हमारे पास आगे उचित कदम उठाने के लिए नागाओं को घाटी खाली करने के लिए कहने के अलावा कोई विकल्प नहीं होगा."
(The above story first appeared on LatestLY on Feb 04, 2024 08:27 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

