उपयोगकर्ताओं को नई निजता नीति अपनाने के लिए बाध्य नहीं करेंगे: वॉट्सऐप ने अदालत से कहा
वॉट्सऐप ने शुक्रवार को दिल्ली उच्च न्यायालय को बताया कि जब तक डाटा संरक्षण विधेयक प्रभाव में नहीं आ जाता तब तक वह उपयोगकर्ताओं को नई निजता नीति अपनाने के लिए बाध्य नहीं करेगा और इस नीति पर अभी रोक लगा दी गई है.
नयी दिल्ली, 9 जुलाई : वॉट्सऐप (WhatsApp) ने शुक्रवार को दिल्ली उच्च न्यायालय को बताया कि जब तक डाटा संरक्षण विधेयक प्रभाव में नहीं आ जाता तब तक वह उपयोगकर्ताओं को नई निजता नीति अपनाने के लिए बाध्य नहीं करेगा और इस नीति पर अभी रोक लगा दी गई है. वॉट्सऐप ने मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति डी एन पटेल और न्यायमूर्ति ज्योति सिंह की पीठ के समक्ष यह भी साफ किया कि इस बीच वह नई निजता नीति को नहीं अपनाने वाले उपयोगकर्ताओं के लिए उपयोग के दायरे को सीमित नहीं करेगा.
वॉट्सऐप की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता हरीश साल्वे ने कहा, ‘‘हम स्वत: ही इस (नीति) पर रोक लगाने के लिए तैयार हो गए हैं. हम लोगों को इसे स्वीकार करने के लिए बाध्य नहीं करेंगे.’’ साल्वे ने कहा कि इसके बावजूद वॉट्सऐप अपने उपयोगकर्ताओं के लिए अपडेट का विकल्प दर्शाना जारी रखेगा. यह भी पढ़ें : Zika Virus: कोरोना के बीच जीका वायरस बढ़ा सकता है मुश्किलें, ऐसे करें इस खतरनाक बीमारी से अपना बचाव
अदालत फेसबुक और उसकी सहायक कंपनी वॉट्सऐप की अपीलों पर सुनवाई कर रही है जो वॉट्सऐप की नई निजता नीति के मामले में जांच के भारतीय प्रतिस्पर्धा आयोग (सीसीआई) के आदेश पर रोक लगाने से इनकार करने के एकल पीठ के आदेश के खिलाफ दाखिल की गयी हैं.
(The above story first appeared on LatestLY on Jul 09, 2021 01:09 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

