देश की खबरें | कथित दुष्कर्म मामले में शाहनवाज के खिलाफ दस्तावेज पेश करने के लिए महिला को मोहलत मिली
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. उच्चतम न्यायालय ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) नेता एवं पूर्व केंद्रीय मंत्री शाहनवाज हुसैन के खिलाफ बलात्कार की शिकायत दर्ज कराने वाली एक महिला को कुछ ‘‘महत्वपूर्ण’’ दस्तावेज पेश करने के लिए शुक्रवार को एक सप्ताह की मोहलत दी।
नयी दिल्ली, 23 सितंबर उच्चतम न्यायालय ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) नेता एवं पूर्व केंद्रीय मंत्री शाहनवाज हुसैन के खिलाफ बलात्कार की शिकायत दर्ज कराने वाली एक महिला को कुछ ‘‘महत्वपूर्ण’’ दस्तावेज पेश करने के लिए शुक्रवार को एक सप्ताह की मोहलत दी।
प्रधान न्यायाधीश उदय उमेश ललित और न्यायमूर्ति एस. रवींद्र भट की पीठ ने शिकायतकर्ता महिला के वकील की इन दलीलों पर ध्यान दिया कि कथित अपराध से संबंधित कुछ ‘महत्वपूर्ण तथ्यों’ को भाजपा नेता के वकील द्वारा छुपाया गया था और वह चाहते हैं कि उन तथ्यों को शीर्ष अदालत के रिकॉर्ड में लाया जाए।
पीठ ने महिला की ओर से पेश हो रहे वकील संदीप कुमार सिंह से कहा, ‘‘यदि आप कुछ फाइल करना चाहते हैं, तो कृपया उन्हें एक सप्ताह में दाखिल करें। हम मामले की अगली सुनवाई के लिए 12 अक्टूबर की तारीख मुकर्रर करेंगे।’’
हाल तक बिहार सरकार में मंत्री रहे हुसैन की ओर से वरिष्ठ वकील मुकुल रोहतगी और सिद्धार्थ लूथरा पेश हुए।
निचली अदालत ने सात जुलाई, 2018 को हुसैन के खिलाफ आदेश सुनाते हुए दिल्ली पुलिस को इस मामले में प्राथमिकी दर्ज करने का निर्देश दिया था, जिसे भाजपा नेता ने सत्र अदालत के समक्ष चुनौती दी थी, जिसने याचिका खारिज कर दी थी।
तत्पश्चात हुसैन ने दिल्ली उच्च न्यायालय का रुख किया था, लेकिन वहां से भी उन्हें राहत नहीं मिली थी और प्राथमिकी दर्ज करने का निर्देश दिया था। इसके उपरांत उन्होंने शीर्ष अदालत का दरवाजा खटखटाया था, जिसने गत 22 अगस्त को उच्च न्यायालय के आदेश के अमल पर रोक लगा दी थी।
शीर्ष अदालत ने नेता की याचिका पर दिल्ली पुलिस और शिकायतकर्ता महिला को नोटिस जारी करते हुए कहा था कि रोहतगी की दलीलें सुनने के बाद प्रथम दृष्टया इस मामले पर विचार करने की जरूरत है।
हुसैन ने आरोपों से इनकार किया है।
(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)