जरुरी जानकारी | थोक मुद्रास्फीति फरवरी में बढ़कर 13.11 प्रतिशत पर, कच्चा तेल और गैर-खाद्य वस्तुएं महंगी हुईं
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on Information at LatestLY हिन्दी. कच्चे तेल और गैर-खाद्य वस्तुओं के दामों में तेजी आने के कारण खाद्य वस्तुओं के दामों में आई नरमी का फायदा नहीं मिला और फरवरी, 2022 में थोक मूल्य सूचकांक (डब्ल्यूपीआई) मुद्रास्फीति बढ़कर 13.11 फीसदी पर आ गई। सरकारी आंकड़ों से सोमवार को यह जानकारी मिली है।
नयी दिल्ली, 14 मार्च कच्चे तेल और गैर-खाद्य वस्तुओं के दामों में तेजी आने के कारण खाद्य वस्तुओं के दामों में आई नरमी का फायदा नहीं मिला और फरवरी, 2022 में थोक मूल्य सूचकांक (डब्ल्यूपीआई) मुद्रास्फीति बढ़कर 13.11 फीसदी पर आ गई। सरकारी आंकड़ों से सोमवार को यह जानकारी मिली है।
थोक मुद्रास्फीति अप्रैल, 2021 से लगातार 11वें माह 10 प्रतिशत से ऊंची बनी हुई है। जनवरी 2022 में डब्ल्यूपीआई 12.96 प्रतिशत थी, जबकि पिछले वर्ष फरवरी में यह 4.83 फीसदी थी।
आंकड़ों के अनुसार, फरवरी, 2022 में खाद्य वस्तुओं की मुद्रास्फीति कम होकर 8.19 फीसदी पर आ गई जो जनवरी में 10.33 प्रतिशत थी।
इसी तरह समीक्षाधीन महीने में सब्जियों की मुद्रास्फीति 26.93 फीसदी रही जो जनवरी में 38.45 प्रतिशत पर पहुंच गई थी।
वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय ने एक बयान में कहा, ‘‘फरवरी 2022 में मुद्रास्फीति बढ़ने की प्रमुख वजह खनिज तेलों, मूल धातुओं, रसायनों और रासायनिक उत्पादों, कच्चे पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस और गैर-खाद्य वस्तुओं आदि की कीमतों में वृद्धि है।’’
विनिर्मित वस्तुओं की मुद्रास्फीति फरवरी में 9.84 फीसदी रही जो जनवरी में 9.42 प्रतिशत थी।
फरवरी में ईंधन और ऊर्जा खंड में मुद्रास्फीति 31.50 प्रतिशत रही।
कच्चे तेल के दाम वैश्विक स्तर पर बढ़ने के कारण कच्चे पेट्रोलियम में मुद्रास्फीति बढ़कर 55.17 फीसदी हो गई जो जनवरी में 39.41 फीसदी थी।
(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)
(The above story first appeared on LatestLY on Mar 14, 2022 01:10 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

