देश की खबरें | सार्वभौमिक महत्व वाली एक संवेदनशील फिल्म बनाना चाहता था : विवेक रंजन अग्निहोत्री
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. फिल्मकार विवेक रंजन अग्निहोत्री ने 1990 में कश्मीर घाटी से पंडितों के पलायन पर आधारित हाल में रिलीज हुई अपनी फिल्म 'द कश्मीर फाइल्स' को सार्वभौमिक अपील वाली फिल्म बताया है।
नयी दिल्ली, 14 मार्च फिल्मकार विवेक रंजन अग्निहोत्री ने 1990 में कश्मीर घाटी से पंडितों के पलायन पर आधारित हाल में रिलीज हुई अपनी फिल्म 'द कश्मीर फाइल्स' को सार्वभौमिक अपील वाली फिल्म बताया है।
'द कश्मीर फाइल्स' का निर्देशन एवं पटकथा लेखन विवेक रंजन अग्निहोत्री ने ही किया है। फिल्म में अनुपम खेर, मिथुन चक्रवर्ती और पल्लवी जोशी ने अहम किरदार निभाए हैं।
अग्निहोत्री ने सोमवार को संवाददाता सम्मेलन में कहा, ‘‘मैं एक संवेदनशील फिल्म बनाना चाहता था, जिसका सार्वभौमिक महत्व हो। पूरी दुनिया के लोगों को यह फिल्म पसंद आ रही है, इस फिल्म में किरदारों द्वारा व्यक्त की गयीं संवेदनाएं अंतरराष्ट्रीय स्तर की हैं। मैं पूरी दुनिया को कश्मीर घाटी में जो हुआ, उसकी सच्चाई दिखाना चाहता था।’’
इस संवाददाता सम्मेलन में अनुपम खेर और पल्लवी जोशी भी मौजूद थे।
अग्निहोत्री ने कहा कि उन्हें उम्मीद है कि यह फिल्म भारत को अपनी कूटनीतिक पहुंच बढ़ाने में मदद कर सकती है।
निर्देशक ने कहा कि वह हॉलीवुड से प्रेरित होकर ऐसी फिल्में बनाते हैं, जो देश की प्रशंसा करती हैं और दुनिया के सामने इसकी महानता पेश करती हैं।
उन्होंने कहा, ‘‘इसलिए हम यह फिल्म लोगों को दिखाने के लिए अमेरिका में हर जगह गए। हमारा ध्यान केवल भारतीयों को ही यह फिल्म दिखाने पर नहीं था। हमने अमेरिकियों, अश्वेतों, गोरों, हिस्पैनिक्स और अन्य समुदाय और देशों के लोगों पर अपना ध्यान केंद्रित किया।’’
इस संवाददाता सम्मेलन में मौजूद वैश्विक कश्मीरी पंडित प्रवासी संगठन के सह-संस्थापक सुरिंदर कौल ने कहा कि उन्होंने कश्मीरी पंडितों की दुर्दशा को उजागर करने वाली फिल्म बनाने के लिए अतीत में कई बॉलीवुड निर्देशकों से संपर्क किया था।
कौल ने कहा, ‘‘कई फिल्में कश्मीर पर बनीं लेकिन या तो उन्होंने आतंकवाद को रोमांटिक तरीके से प्रदर्शित किया अथवा उसका महिमामंडन किया। हमारी दर्दनाक कहानी पर पूरी तरह से लीपापोती कर दी गई। हमने अपनी कहानी बताने के लिए कई बॉलीवुड निर्देशकों से संपर्क किया और मुझे यह कहते हुए शर्म आ रही है, हमारे अनुरोध को दरकिनार कर दिया गया।’’
अभिनेता अनुपम खेर ने कहा कि इस फिल्म को पूरी दुनिया के लोगों का समर्थन प्राप्त हो रहा है।
अनुपम खेर ने कहा, ‘‘हमने फिल्म में महत्वपूर्ण जानकारियों और वाद-विवाद का बखूबी इस्तेमाल किया है और जैसा कि कौल साहब ने कहा कि उन्होंने कई लोगों से संपर्क किया और आखिरकार विवेक सहमत हो गए। उन्होंने चार साल तक शोध किया और कश्मीरी पंडित समुदाय के कई लोगों से बात की।’’
यह पूछे जाने पर कि क्या यह फिल्म केवल बॉलीवुड में इसलिए बन सकी, क्योंकि सत्ता में भारतीय जनता पार्टी की सरकार है, खेर ने कहा, ‘‘यह सच है। हर फिल्म का अपना समय होता है।’’
रवि कांत दिलीप
(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)
(The above story first appeared on LatestLY on Mar 14, 2022 09:47 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

