गोपेश्वर (उत्तराखंड), दो सितंबर उत्तराखंड में चमोली जिले के बारिश प्रभावित क्षेत्रों का हवाई सर्वेक्षण करने के बाद मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा है कि राज्य में भारी बारिश के कारण बड़े पैमाने पर क्षति हुई है और सभी प्रभावितों को राज्य सरकार हर संभव मदद मुहैया करायेगी।
धामी ने कहा कि अधिकारियों को बारिश से हुए नुकसान का आकलन करने को कहा गया है और मानसून खत्म होते ही मरम्मत का कार्य शुरू किया जायेगा।
इस दौरान मुख्यमंत्री के साथ प्रदेश भाजपा अध्यक्ष महेंद्र भट्ट और थराली क्षेत्र के विधायक भूपाल राम टम्टा भी मौजूद थे।
नारायणबगड़, थराली, देवाल और ग्वालदम का हवाई सर्वेक्षण करने के बाद धामी ने संवाददाताओं से कहा कि इस बार भारी बारिश से राज्य में बड़े पैमाने पर नुकसान हुआ है।
उन्होंने कहा कि बारिश के कारण भूस्खलन और भूमि धंसने से कई स्थानों पर मकान क्षतिग्रस्त होने से लोगों का जीवन प्रभावित हुआ है। उन्होंने कहा कि संपत्ति और फसलों का बड़े पैमाने पर नुकसान हुआ है।
उन्होंने कहा कि अधिकारियों को अत्यधिक बारिश के कारण हुए नुकसान का आकलन करने के लिए कहा गया है।
उन्होंने कहा, ‘‘सरकार प्रभावित लोगों के साथ है। उन्हें हर मदद मुहैया कराई जाएगी। इस मुद्दे पर केंद्र से भी बातचीत हुई है।’’
उन्होंने कहा कि स्थिति की लगातार समीक्षा की जा रही है। उन्होंने कहा कि हालात को जल्द से जल्द सामान्य करने के प्रयास किये जा रहे हैं।
धामी ने कहा कि मानसून खत्म होने के तुरंत बाद पुनर्निर्माण और मरम्मत कार्य शुरू किया जाएगा।
इससे पहले 22 अगस्त को धामी ने कहा था कि भारी बारिश के कारण उत्तराखंड को अब तक 1,000 करोड़ रुपये से ज्यादा का नुकसान हुआ है।
उन्होंने कहा था कि प्रभावित लोगों के पुनर्वास और बारिश से संबंधित घटनाओं में अपने माता-पिता को खोने वाले बच्चों की देखभाल के लिए राज्य सरकार जल्द ही एक योजना शुरू करेगी।
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