जरुरी जानकारी | शहरी सहकारी बैंकों का अब चार श्रेणियों में होगा वर्गीकरणः आरबीआई
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on Information at LatestLY हिन्दी. भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने शहरी सहकारी बैंकों (यूसीबी) को श्रेणीबद्ध करने के लिए बृहस्पतिवार को चार-स्तरीय नियामकीय प्रारूप का ऐलान किया।
मुंबई, एक दिसंबर भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने शहरी सहकारी बैंकों (यूसीबी) को श्रेणीबद्ध करने के लिए बृहस्पतिवार को चार-स्तरीय नियामकीय प्रारूप का ऐलान किया।
साथ ही इन बैंकों के नेटवर्थ एवं पूजी पर्याप्तता से संबंधित मानक भी जारी किए।
आरबीआई ने एक परिपत्र में शहरी सहकारी बैंकों के लिए इन बदलावों की घोषणा की। इन बैंकों के श्रेणीकरण की चार-स्तरीय नियामकीय व्यवस्था तत्काल प्रभाव से लागू हो जाएगी। यह प्रारूप सहकारी बैंकों के पास जमा के आकार पर आधारित है।
इस परिपत्र के मुताबिक, फिलहाल यूसीबी को टियर-1 एवं टियर-2 की दो श्रेणियों में बांटा जाता है लेकिन अब इसकी चार श्रेणियां बनाई जाएंगी। आरबीआई ने कहा कि छोटे आकार के सहकारी बैंकों के बीच सहयोग की भावना बनाए रखने के लिए एक प्रारूप की जरूरत महसूस की जा रही थी।
टियर-1 के यूसीबी के रूप में 100 करोड़ रुपये तक जमा रखने वाले सहकारी बैंक होंगे। टियर-2 के यूसीबी के रूप में 100 करोड़ से लेकर 1,000 करोड़ रुपये तक जमा वाले, टियर-3 के तहत 1,000 करोड़ से 10,000 करोड़ रुपये तक जमा वाले और टियर-4 के तहत 10,000 करोड़ रुपये से अधिक जमा वाले शहरी सहकारी बैंक होंगे।
(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)