देश की खबरें | केंद्रीय मंत्रिमंडल ने सरकारी नौकरियों के लिये राष्ट्रीय भर्ती एजेंसी के गठन को मंजूरी दी

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एनडीआरएफ/प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credits: ANI)

नयी दिल्ली, 19 अगस्त केंद्रीय मंत्रिमंडल ने सरकारी नौकरियों के लिये साझा पात्रता परीक्षा आयोजित करने के वास्ते राष्ट्रीय भर्ती एजेंसी के गठन के प्रस्ताव को बुधवार को मंजूरी दे दी । केंद्रीय मंत्री प्रकाश जावड़ेकर ने यह जानकारी दी ।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में हुई केंद्रीय मंत्रिमंडल की बैठक में यह निर्णय किया गया।

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बैठक के बाद सूचना एवं प्रसारण मंत्री जावड़ेकर ने संवाददाताओं को बताया ‘‘युवाओं को फिलहाल नौकरी के लिये कई अलग अलग परीक्षाएं देनी पड़ती हैं। ऐसी परीक्षाओं के लिये अभी लगभग 20 भर्ती एजेंसियां हैं और परीक्षा देने के लिए अभ्यर्थियों को दूसरे स्थानों पर भी जाना पड़ता है।’’

उन्होंने कहा कि इस संबंध में परेशानियां दूर करने की मांग काफी समय से की जा रही थी । इसे देखते हुए मंत्रिमंडल ने साझा पात्रता परीक्षा लेने के लिये ‘राष्ट्रीय भर्ती एजेंसी’ के गठन का निर्णय किया है।

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जावड़ेकर ने कहा कि इससे अभ्यर्थियों को नौकरियों के लिए एक साझा परीक्षा देने की सहूलियत मिलेगी और उनका समय और पैसा बचेगा । केंद्रीय मंत्री जितेन्द्र सिंह ने इस निर्णय को ऐतिहासिक बताया और कहा कि प्रारंभ में तीन एजेंसियों की परीक्षाएं राष्ट्रीय भर्ती एजेंसी के दायरे में आयेंगी लेकिन बाद में अन्य एजेंसियों को भी इसके दायरे में लाया जायेगा ।

उन्होंने कहा कि इससे ग्रामीण क्षेत्रों के अभ्यर्थियों, महिलाओं, दिव्यांगों को विभिन्न नौकरियों के लिये परीक्षा देने के लिए लम्बी दूरी तय करने की परेशानी से मुक्ति मिलेगी ।

एक अधिकारी ने बताया कि शुरू में इसके दायरे में रेलवे भर्ती परीक्षा, बैंकों की भर्ती परीक्षा और कर्मचारी चयन आयोग (एसएससी) आयेंगे ।

उन्होंने बताया कि इस परीक्षा में हासिल अंक तीन साल तक मान्य होंगे। परीक्षा आयोजित करने के लिये हर जिले में कम से कम एक परीक्षा केंद्र स्थापित किया जायेगा ।

राष्ट्रीय भर्ती एजेंसी (एनआरए) ग्रुप बी और ग्रुप सी (गैर तकनीकी) पदों के लिये साझा पात्रता परीक्षा के जरिये उम्मीदवारों की छंटनी (स्क्रिनिंग) करेगी ।

एनआरए एक सोसाइटी होगी जिसके एक अध्यक्ष होंगे और सरकार में सचिव स्तर के होंगे । रेलवे भर्ती बोर्ड, कर्मचारी चयन आयोग और इंस्टीट्यूट आफ बैकिंग पर्सनल सेलेक्शन (आईबीपीएस) के प्रतिनिधि इसके संचालक मंडल में शामिल होंगे ।

आधिकारिक बयान के अनुसार, एनआरए अत्याधुनिक प्रौद्योगिकी से युक्त एक विशेषज्ञ निकाय होगा।

बहरहाल, सिंह ने बताया कि आने वाले समय में इस परीक्षा में शामिल होने वाले अभ्यार्थियों को प्रदान सीईटी स्कोर को केंद्र सरकार, राज्य सरकार, केंद्र शासित प्रदेशों, सार्वजनिक क्षेत्र के उद्यम, निजी क्षेत्र की अन्य भर्ती एजेंसियों के साथ साझा किया जा सकता है।

उन्होंने कहा कि इससे लागत कम करने के साथ भर्ती में लगने वाले समय को भी बचाया जा सकता है।

सरकार ने राष्ट्रीय भर्ती एजेंसी के गठन के लिये 1,517.57 करोड़ रूपये मंजूर किये हैं और इसका मुख्यालय दिल्ली में होगा ।

एनआरए स्थापित करने के अलावा देश के 117 आकांक्षी जिलों में परीक्षा केंद्र भी स्थापित किए जाएंगे ।

केंद्रीय मंत्री जितेन्द्र सिंह ने कहा कि प्रारंभिक योजना देशभर में 1000 परीक्षा केंद्र स्थापित करने की है।

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