ताजा खबरें | टीएमसी के डेरेक ओब्रायन ने फिल्म ‘पठान’ की प्रशंसा की, कहा-फिल्म में सुंदर संदेश

Get latest articles and stories on Latest News at LatestLY. तृणमूल कांग्रेस नेता डेरेक ओब्रायन ने दक्षिणपंथी समर्थकों पर परोक्ष रूप से निशाना साधते हुए मंगलवार को राज्यसभा में कहा कि शाहरुख खान अभिनीत फिल्म 'पठान' एक सुंदर संदेश देती है।

नयी दिल्ली, सात फरवरी तृणमूल कांग्रेस नेता डेरेक ओब्रायन ने दक्षिणपंथी समर्थकों पर परोक्ष रूप से निशाना साधते हुए मंगलवार को राज्यसभा में कहा कि शाहरुख खान अभिनीत फिल्म 'पठान' एक सुंदर संदेश देती है।

उन्होंने फिल्म बनाने और इसमें काम करने वाले लोगों की सराहना करते हुए उन्हें "भारत का सबसे बड़ा वैश्विक दूत" करार दिया।

ब्लॉकबस्टर हिंदी फिल्म 'पठान' को विवादों का सामना करना पड़ा था और मुख्य रूप से दक्षिणपंथी राजनीति का समर्थन करने वाले लोगों के एक वर्ग ने इसके बहिष्कार का आह्वान किया था।

हालांकि, रिपोर्ट्स के मुताबिक, फिल्म को काफी व्यावसायिक सफलता मिली है।

तृणमूल सांसद ने राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर कहा, ''आपने उनसे बॉलीवुड का बहिष्कार करने को कहा, उन्होंने आपको एक सुंदर संदेश वाली फिल्म दिखाई।"

अपने भाषण के दौरान ओब्रायन ने अडाणी समूह से जुड़े विवादों के बीच विभिन्न मुद्दों पर भाजपा के नेतृत्व वाली सरकार पर भी हमला किया और "पठान" के पीछे मेहनत करने वाली पूरी टीम की प्रशंसा की।

उन्होंने कहा, "बहुत-बहुत बधाई (निर्देशक) सिद्धार्थ आनंद। भारत के सबसे बड़े वैश्विक राजदूतों ने बहुत अच्छा काम किया। बहुत अच्छा लगा, जिन्होंने पठान बनाया। जो हम नहीं कर पाए, वो शाहरुख खान, डिंपल कपाड़िया और जॉन अब्राहम ने इस देश के लिये करके दिखाया है।"

उन्होंने कहा, "हमने उनसे सीखा... भारत के सबसे बड़े वैश्विक राजदूतों के साथ खिलवाड़ न करें। आपने उन्हें बॉलीवुड का बहिष्कार करने के लिए कहा, उन्होंने आपको सुंदर संदेश के साथ एक फिल्म दिखाई।"

तृणमूल सांसद ने गलती से दीपिका पादुकोण की जगह डिंपल कपाड़िया का नाम ले लिया। हालांकि, एक सदस्य की ओर से इस ओर ध्यान आकर्षित करने पर उन्होंने गलती सुधार ली।

सदन में तृणमूल कांग्रेस के नेता ने यह भी आरोप लगाया कि सरकार ने पिछले आठ-नौ साल में भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) और भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड (सेबी) जैसे संस्थानों को लगातार कमजोर किया है।

उन्होंने नरेन्द मोदी नीत सरकार पर विपक्षी नेताओं के खिलाफ जांच एजेंसियों और धन शोधन रोकथाम अधिनियम (पीएमएलए) का इस्तेमाल 'विपक्ष को परेशान' करने के लिए करने का आरोप लगाया।

ओब्रायन ने कहा, "धन शोधन के 5,422 मामलों में से 98 प्रतिशत मामले पिछले नौ साल में दर्ज किए गए हैं।"

उन्होंने कहा कि हालांकि, उक्त अवधि में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने केवल 25 लोगों को निशाना बनाया।

उन्होंने कहा, "आप विपक्ष और विरोधियों के लिए एक नियम और अपने मित्रों और चहेतों के लिए अलग नियम नहीं बना सकते।"

अडाणी मुद्दे का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि गरीब और मध्यम वर्ग का बड़ा पैसा खतरे में है और एक प्रहरी की भूमिका निभाना सरकार और संस्थानों का काम है।

उन्होंने कहा कि सेबी की एक प्रस्तावना भी है और इसे निवेशकों के हितों की रक्षा करने और प्रतिभूति बाजार को विनियमित करने के लिए अनिवार्य किया गया है।

तृणमूल नेता ने सवाल किया, "सेबी क्यों सो रहा था? निष्क्रियता क्यों?"

अडाणी समूह के शेयरों में उस समय गिरावट आई, जब अमेरिका स्थित शॉर्ट सेलर हिंडनबर्ग रिसर्च ने एक रिपोर्ट प्रकाशित की, जिसमें भारतीय अरबपति गौतम अडाणी के नेतृत्व वाली फर्मों के खिलाफ स्टॉक हेराफेरी और लेखा धोखाधड़ी से संबंधित आरोप लगाए गए थे।

हालांकि, अडाणी समूह ने सभी आरोपों से इनकार किया है।

ओब्रायन ने कई घोटालों का उल्लेख किया और कहा कि सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) को अपने भ्रष्टाचार विरोधी नारों के बारे में विचार करने की जरूरत है।

उन्होंने महंगाई और बेरोजगारी पर भी केंद्र सरकार पर निशाना साधा।

ओब्रायन ने आरोप लगाया कि मीडिया मालिकों का अपना एजेंडा है, इसलिए उनके द्वारा विपक्ष की आवाज नहीं उठाई जा रही है।

हालांकि, राज्यसभा सदस्य ने कहा कि वह स्वतंत्र युवा पत्रकारों की प्रशंसा करते हैं, जो मीडिया मालिकों के सभी दबावों के बावजूद अभी भी पत्रकारिता के लिए अपना सर्वश्रेष्ठ करने की कोशिश कर रहे हैं।

ओब्रायन ने सरकार से महिला आरक्षण विधेयक संसद में लाने की मांग की।

उन्होंने कहा, "इसे लाओ और हम इसे दो दिन में पारित कर देंगे।"

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)

Share Now

\