नयी दिल्ली, एक अप्रैल राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने मंगलवार को कहा कि लातिन अमेरिका क्षेत्र में चिली भारत का एक महत्वपूर्ण साझेदार है तथा दोनों देशों के बीच व्यापार एवं निवेश, प्रौद्योगिकी और सांस्कृतिक आदान-प्रदान में सहयोग बढ़ाने के कई अवसर हैं।
राष्ट्रपति ने कहा कि हाल के वर्षों में भारत और चिली के बीच व्यापार बढ़ा है तथा कई भारतीय कंपनियों ने चिली में विभिन्न क्षेत्रों में निवेश किया है। उन्होंने कहा कि इन क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने की संभावना है।
चिली के राष्ट्रपति गैब्रियल बोरिक फॉन्ट का उनकी पहली भारत यात्रा पर स्वागत करते हुए मुर्मू ने कहा कि छात्र राजनीति से लेकर राष्ट्रपति पद तक की उनकी राजनीतिक यात्रा दुनिया भर के युवा नेताओं के लिए प्रेरणा है।
उन्होंने यहां राष्ट्रपति भवन में चिली के अपने समकक्ष का स्वागत किया। मुर्मू ने उनके सम्मान में भोज का भी आयोजन किया।
राष्ट्रपति ने कहा कि यह यात्रा भारत-चिली संबंधों में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर है, क्योंकि यह ऐसे समय में हो रही है जब ‘‘हम राजनयिक संबंधों की स्थापना के 75 वर्ष पूरे कर रहे हैं।’’
मुर्मू ने कहा कि चिली लातिन अमेरिका क्षेत्र में भारत का एक महत्वपूर्ण साझेदार है। उन्होंने कहा, ‘‘भारत और चिली की राजनीतिक और आर्थिक प्राथमिकताएं एक-दूसरे की पूरक हैं।’’
राष्ट्रपति कार्यालय की ओर से जारी एक बयान के अनुसार, मुर्मू ने कहा कि दोनों देशों के बीच व्यापार और निवेश, प्रौद्योगिकी और सांस्कृतिक आदान-प्रदान में सहयोग बढ़ाने के कई अवसर हैं।
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