देश की खबरें | 'फैसले में दरिंदों के प्रति घृणा झलकनी चाहिए': नाबालिग से बलात्कार के दोषी को पांच साल की जेल
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. राष्ट्रीय राजधानी की एक अदालत ने छह वर्षीय नाबालिग का 2016 में यौन उत्पीड़न के दोषी एक व्यक्ति को पांच साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई है और कहा है कि बच्चों को यौन हमले का शिकार बनाने वाले दरिंदों के प्रति समाज की घृणा फैसले में झलकनी चाहिए।
नयी दिल्ली, नौ मई राष्ट्रीय राजधानी की एक अदालत ने छह वर्षीय नाबालिग का 2016 में यौन उत्पीड़न के दोषी एक व्यक्ति को पांच साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई है और कहा है कि बच्चों को यौन हमले का शिकार बनाने वाले दरिंदों के प्रति समाज की घृणा फैसले में झलकनी चाहिए।
अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश मनोज कुमार 27-वर्षीय दोषी व्यक्ति के खिलाफ सजा की अवधि पर दलील सुन रहे थे। व्यक्ति को बच्चों का यौन अपराधों से संरक्षण (पॉक्सो) अधिनियम की धारा 10 (गंभीर यौन उत्पीड़न) के तहत दोषी ठहराया गया था।
अतिरिक्त सरकारी अभियोजक विकास सिंह ने कहा कि दोषी के साथ किसी तरह की नरमी नहीं बरती जानी चाहिए, उसे ऐसी कड़ी सजा मिलनी चाहिए कि समाज में कड़ा संदेश जाए।
अदालत ने 20 मार्च को दिये अपने आदेश में कहा, ‘‘...बच्चों को निशाना बनाने वाले यौन अपराधियों के प्रति समाज में जो घृणा है, वह अदालतों के निर्णयों में भी झलकनी चाहिए।’’
आदेश की प्रति हाल ही में उपलब्ध कराई गई है।
सिंह ने नाबालिग पीड़िता को तीन लाख रुपये का मुआवजा दिये जाने का आदेश देते हुए कहा, ‘‘आपराधिक न्याय प्रणाली का उद्देश्य न केवल अपराधी को आनुपातिक दंड देकर उसका शुद्धिकरण करना है, बल्कि शारीरिक और मानसिक रूप से आहत पीड़िता को हमेशा के लिए पुनर्वासित करना भी है।’’
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(The above story first appeared on LatestLY on May 09, 2025 07:36 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

