एजेंसी न्यूज

भारत पर दुनिया को पूरा विश्वास…ब्रिटेन के साथ ऐतिहासिक व्यापार समझौते पर PM मोदी का बयान

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने भारत और ब्रिटेन के बीच हाल में संपन्न मुक्त व्यापार समझौते (एफटीए) को शनिवार को ‘ऐतिहासिक’ करार दिया और कहा कि यह व्यापार समझौता भारत पर दुनिया के विश्वास को दर्शाता है. ऑपरेशन सिंदूर के संबंध में उन्होंने कहा कि ‘मेक इन इंडिया’ पहल के तहत निर्मित हथियारों ने सीमा पार सैन्य अभियान के दौरान दुश्मन के ठिकानों को नष्ट करने में बड़ी भूमिका निभाई और दुश्मनों की नींद उड़ा दी.

भारत पर दुनिया को पूरा विश्वास…ब्रिटेन के साथ ऐतिहासिक व्यापार समझौते पर PM मोदी का बयान
Photo Credits ANI)

तूतीकोरिन, 26 जुलाई : प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने भारत और ब्रिटेन के बीच हाल में संपन्न मुक्त व्यापार समझौते (एफटीए) को शनिवार को ‘ऐतिहासिक’ करार दिया और कहा कि यह व्यापार समझौता भारत पर दुनिया के विश्वास को दर्शाता है. ऑपरेशन सिंदूर के संबंध में उन्होंने कहा कि ‘मेक इन इंडिया’ पहल के तहत निर्मित हथियारों ने सीमा पार सैन्य अभियान के दौरान दुश्मन के ठिकानों को नष्ट करने में बड़ी भूमिका निभाई और दुश्मनों की नींद उड़ा दी. प्रधानमंत्री ने यहां 4,900 करोड़ रुपये की लागत वाली परियोजनाओं का उद्घाटन, लोकार्पण एवं शिलान्यास किया तथा तमिलनाडु के विकास के प्रति राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) सरकार की प्रतिबद्धता को रेखांकित किया.

परियोजनाओं का उद्घाटन करने के बाद अपने संबोधन में मोदी ने कहा कि वह अपने विदेश दौरे को पूरा करने के बाद सीधे तमिलनाडु में आकर धन्य हो गए हैं. इस दौरान मालदीव की उनकी यात्रा से पहले भारत-ब्रिटेन मुक्त व्यापार समझौते पर हस्ताक्षर किए गए थे. उन्होंने कहा कि ब्रिटेन के साथ व्यापार समझौता ‘ऐतिहासिक’ है. मोदी ने कहा, ‘‘भारत और ब्रिटेन ने एक मुक्त व्यापार समझौते पर हस्ताक्षर किए हैं. यह दुनिया के बढ़ते भरोसे और हमारे आत्मविश्वास को दर्शाता है. हम इसी आत्मविश्वास के साथ विकसित भारत और विकसित तमिलनाडु बनाएंगे.’’ पारंपरिक वेष्टी (धोती), कमीज और गले में अंगवस्त्रम पहने हुए मोदी ने कहा, ‘‘ब्रिटेन के साथ एफटीए हमारे विकसित भारत, विकसित तमिलनाडु के दृष्टिकोण को गति देता है.’’ यह भी पढ़ें : VIDEO: अमेरिका में बड़ा हादसा टला, टेकऑफ से ठीक पहले विमान के पहियों में लगी आग, देखें वीडियो

मालदीव का अपना आधिकारिक दौरा समाप्त करने के बाद वह सीधे यहां पहुंचे. उन्होंने कहा, ‘‘एफटीए के बाद, ब्रिटेन में बिकने वाले 99 प्रतिशत भारतीय उत्पादों पर कोई कर नहीं लगेगा. अगर भारतीय उत्पाद सस्ते होंगे, तो वहां मांग बढ़ेगी और इससे भारत में उत्पादन के अधिक अवसर पैदा होंगे. इस मुक्त व्यापार समझौते के कारण, तमिलनाडु के युवाओं, छोटे व्यवसायों, एमएसएमई और स्टार्टअप्स को बड़ा लाभ मिलेगा.’’ एक विकसित भारत और तमिलनाडु का वादा करते हुए उन्होंने कहा, ‘‘बुनियादी ढांचा और ऊर्जा किसी भी राज्य के विकास की रीढ़ हैं. पिछले 11 वर्षों में बुनियादी ढांचे और ऊर्जा पर हमारा ध्यान तमिलनाडु के विकास के प्रति हमारी प्रतिबद्धता को दर्शाता है.’’ मोदी ने कहा कि राजग सरकार ने देश के विभिन्न हिस्सों में अटल सेतु, सोनमर्ग सुरंग, बोगीबील पुल का निर्माण किया है और इनसे रोजगार के हजारों अवसर पैदा हुए हैं. रेलवे के संबंध में उन्होंने कहा कि यह औद्योगिक विकास की जीवन रेखा है.

ये परियोजनाएं तमिलनाडु में हवाई अड्डे, राजमार्गों, रेलवे, बंदरगाह और बिजली से संबंधित हैं. जिन परियोजनाओं का उद्घाटन किया गया उनमें एक नया अत्याधुनिक तूतीकोरिन हवाई अड्डा टर्मिनल भवन शामिल है, जिसे लगभग 450 करोड़ रुपये की अनुमानित लागत से विकसित किया गया है. प्रधानमंत्री ने कहा, ‘‘तमिलनाडु को विकास के शिखर पर ले जाने के लिए 2014 में शुरू किए गए मिशन का तूतीकोरिन में आज भी क्रियान्वयन जारी है." उन्होंने पिछले वर्ष कंटेनर टर्मिनल सहित कई परियोजनाओं के उद्घाटन को याद किया. उन्होंने कहा कि टर्मिनल अब सालाना 20 लाख से अधिक यात्रियों की मेजबानी करने में सक्षम है, जबकि पहले इसकी क्षमता केवल तीन लाख यात्रियों की थी.

ऊर्जा क्षेत्र में, मोदी ने कुडनकुलम परमाणु ऊर्जा संयंत्र की इकाई 3 और 4 (2x1000 मेगावाट) से बिजली की निकासी के लिए अंतर-राज्यीय पारेषण प्रणाली (आईएसटीएस) की आधारशिला रखी.

लगभग 550 करोड़ रुपये की लागत से विकसित इस परियोजना में कुडनकुलम (तिरुनेलवेली) से तुतुकुडी-II जीआईएस सबस्टेशन और संबंधित टर्मिनल उपकरणों तक 400 केवी (क्वाड) डबल-सर्किट ट्रांसमिशन लाइन शामिल होगी. यह राष्ट्रीय ग्रिड को मजबूत करने, विश्वसनीय स्वच्छ ऊर्जा वितरण सुनिश्चित करने और तमिलनाडु तथा अन्य लाभार्थी राज्यों की बढ़ती बिजली मांगों को पूरा करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी. उन्होंने याद दिलाया कि उन्होंने तूतीकोरिन के प्रसिद्ध मोती प्रसिद्ध अमेरिकी व्यवसायी बिल गेट्स को उपहार में दिए थे, जिन्होंने इसकी बहुत सराहना की थी. तूतीकोरिन क्षेत्र के मोती कभी विश्व भर में भारत की आर्थिक शक्ति के प्रतीक माने जाते थे. प्रधानमंत्री ने कहा कि विकसित तमिलनाडु का दृष्टिकोण केंद्र सरकार की मुख्य प्रतिबद्धता है और तमिलनाडु के विकास से संबंधित नीतियों को निरंतर सर्वोच्च प्राथमिकता दी गई है.

मोदी ने कहा कि पिछले एक दशक में, केंद्र सरकार ने तमिलनाडु को तीन लाख करोड़ रुपये हस्तांतरित किए हैं, जो पिछली सरकार द्वारा वितरित राशि से तीन गुना से भी अधिक है. इन ग्यारह वर्षों में, तमिलनाडु को ग्यारह नए मेडिकल कॉलेज मिले हैं. उन्होंने कहा कि पहली बार, किसी सरकार ने तटीय क्षेत्रों में मत्स्य पालन क्षेत्र से जुड़े समुदायों के प्रति चिंता दिखाई है. इस मौके पर, उन्होंने क्षेत्र के महान स्वतंत्रता सेनानियों - वीओ चिदंबरम पिल्लई, वीरपांडिया कट्टाबोम्मन और वीरन अझगू मुथुकोन का स्मरण किया. तमिलनाडु के राज्यपाल आर एन रवि भी इस कार्यक्रम में शामिल हुए. राज्य के वित्त मंत्री थंगम थेनारासु ने इस मौके पर प्रधानमंत्री को चेन्नई के प्रतिष्ठित वल्लुवर कोट्टम की प्रतिकृति, एक स्मृति चिह्न भेंट किया. केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री के राममोहन नायडू, केंद्रीय राज्य मंत्री एल मुरुगन, तमिलनाडु की समाज कल्याण मंत्री पी गीता जीवन, लोकसभा सदस्य कनिमोई और शीर्ष अधिकारियों ने इसमें हिस्सा लिया.

(The above story first appeared on LatestLY on Jul 27, 2025 01:06 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).