India-China face-off: शहीद कर्नल संतोष बाबू के पार्थिव शरीर को हैदराबाद लाया गया
भारत ने बुधवार को चीन को दिए गए कठोर संदेश में कहा कि गलवान घाटी में हुई अप्रत्याशित घटना का द्विपक्षीय संबंधों पर गहरा प्रभाव पड़ेगा. साथ ही उसने यह भी कहा कि उस हिंसा के लिए चीन की ‘‘पूर्व नियोजित’’ कार्रवाई सीधे तौर पर जिम्मेदार है जिसके कारण भारतीय सेना के 20 कर्मी शहीद हुए.
हैदराबाद: पूर्वी लद्दाख (Ladakh) में चीनी सैनिकों के साथ हुई हिंसक झड़प में शहीद हुए कर्नल बी संतोष बाबू (B Santosh Babu) के पार्थिव शरीर को विशेष विमान से बुधवार को यहां लाया गया. वायु सेना स्टेशन हाकिमपेट पर विमान रात आठ बजे के आसपास उतरा.
तेलंगाना के राज्यपाल टी सुंदरराजन और राज्य के सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री के टी रामा राव समेत अन्य लोगों ने शहीद सैन्य अधिकारी को श्रद्धा सुमन अर्पित किए. बाद में कर्नल बाबू के पार्थिव शरीर को एम्बुलेंस से उनके गृह नगर सूर्यापेट ले जाया गया. एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने पीटीआई- से कहा कि कर्नल बाबू का अंतिम संस्कार बृहस्पतिवार को किया जाएगा. एलएसी पर भारत इलाके में चीन की निगरानी चौकी बनाने के कारण हुई झड़प
भारत ने बुधवार को चीन को दिए गए कठोर संदेश में कहा कि गलवान घाटी में हुई अप्रत्याशित घटना का द्विपक्षीय संबंधों पर गहरा प्रभाव पड़ेगा. साथ ही उसने यह भी कहा कि उस हिंसा के लिए चीन की ‘‘पूर्व नियोजित’’ कार्रवाई सीधे तौर पर जिम्मेदार है जिसके कारण भारतीय सेना के 20 कर्मी शहीद हुए.
विदेश मंत्री एस जयशंकर और चीन के विदेश मंत्री वांग वी के बीच हुई टेलीफोन वार्ता में भारत ने ‘‘कड़े शब्दों’’ में अपना विरोध जताया और कहा कि चीनी पक्ष को अपने कदमों की समीक्षा करनी चाहिए और स्थिति में सुधार के लिए कदम उठाने चाहिए.
(The above story first appeared on LatestLY on Jun 17, 2020 10:29 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

