देश की खबरें | तेलंगाना, आंध्र प्रदेश जल-बंटवारा विवाद को सुलझाने के लिए कई प्रस्तावों पर सहमत: रेवंत रेड्डी
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. तेलंगाना के मुख्यमंत्री ए रेवंत रेड्डी ने बुधवार को कहा कि केंद्र ने राज्य और आंध्र प्रदेश के बीच लंबे समय से लंबित जल-बंटवारे के विवादों को सुलझाने के उद्देश्य से कई महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर सहमति व्यक्त की है, जिसमें ‘टेलीमेट्री’ प्रणाली और नदी प्रबंधन बोर्ड का गठन करना शामिल है।
नयी दिल्ली, 16 जुलाई तेलंगाना के मुख्यमंत्री ए रेवंत रेड्डी ने बुधवार को कहा कि केंद्र ने राज्य और आंध्र प्रदेश के बीच लंबे समय से लंबित जल-बंटवारे के विवादों को सुलझाने के उद्देश्य से कई महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर सहमति व्यक्त की है, जिसमें ‘टेलीमेट्री’ प्रणाली और नदी प्रबंधन बोर्ड का गठन करना शामिल है।
केंद्रीय जल शक्ति मंत्री सी. आर. पाटिल के साथ यहां हुई बैठक के बाद तेलंगाना के सिंचाई मंत्री एन. उत्तम कुमार रेड्डी ने पत्रकारों से कहा कि दोनों राज्य सभी जल परियोजनाओं और जलाशयों में पानी के इस्तेमाल को सटीक रूप से मापने के लिए ‘टेलीमेट्री’ प्रणाली लागू करने पर सहमत हो गए हैं – जो लंबे समय से तेलंगाना की मांग रही है। उन्होंने कहा कि आंध्र प्रदेश ने इस कदम पर सहमति जताई है।
‘टेलीमेट्री’ प्रणाली में, विभिन्न प्रकार के सेंसर का इस्तेमाल आंकड़े एकत्र करने के लिए किया जाता है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि एक महत्वपूर्ण सफलता के रूप में, दोनों राज्य हैदराबाद में गोदावरी नदी प्रबंधन बोर्ड (जीआरएमबी) और आंध्र प्रदेश में कृष्णा नदी प्रबंधन बोर्ड (केआरएमबी) का गठन करने पर भी सहमत हुए हैं।
ये बोर्ड कृष्णा और गोदावरी नदी प्रणालियों के अंतर्गत जल आवंटन और उपयोग की निगरानी में मदद करेंगे, जो 2014 में आंध्र प्रदेश के विभाजन के बाद से विवादास्पद मुद्दे रहे हैं।
उन्होंने कहा, ‘‘केंद्र ने आंध्र प्रदेश को श्रीशैलम बांध की तत्काल मरम्मत का भी निर्देश दिया है, जो दोनों राज्यों के लिए जलापूर्ति और बिजली उत्पादन के लिए महत्वपूर्ण है।’’
इसके अतिरिक्त, कृष्णा और गोदावरी नदी घाटी पर सिंचाई परियोजनाओं पर विवादों समेत सभी लंबित अंतर-राज्यीय जल मुद्दों पर विचार करने के लिए एक संयुक्त समिति गठित की जाएगी।
तेलंगाना के मुख्यमंत्री ने कहा, ‘‘ये ऐतिहासिक फैसले हैं जो तेलंगाना और आंध्र प्रदेश के बीच सहयोग की भावना और दोनों राज्यों के लिए जल न्याय सुनिश्चित करने संबंधी केंद्र की प्रतिबद्धता को दर्शाते हैं।’’
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(The above story first appeared on LatestLY on Jul 16, 2025 06:52 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

