देश की खबरें | तमिलनाडु सरकार ने कोविड-19 जांच के दिशानिर्देशों को संशोधित किया
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चेन्नई, 31 मई तमिलनाडु सरकार ने रविवार को कोरोना वायरस की जांच के लिए तय दिशानिर्देशों में बदलाव किया। यह बदलाव लोगों की राज्य के अंदर और अंतरराज्यीय आवाजाही में ढील के बाद किया गया है।
तमिलनाडु सरकार ने रविवार को सार्वजनिक परिवहन बहाल करने सहित कई ढील के साथ राज्य में लॉकडाउन को 30 जून तक बढ़ा दिया। राज्य ने यह फैसला केंद्र द्वारा लॉकडाउन से बाहर निकलने के लिए जारी ‘अनलॉक-1.0’ दिशानिर्देशों के एक दिन बाद किया।
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राज्य सरकार ने इसके मुताबिक लोगों की आवाजाही की अनुमति देने और सार्वजनिक परिवहन सेवा को बहाल करने के लिए आठ जोन की पहचान की है लेकिन चार सबसे अधिक प्रभावित जिलों चेन्नई, चेंगलपट्टू, कांचीपुरम और तिरुवल्लुर में पाबंदी जारी रहेगी।
जोन को मुख्य जिला और नजदीकी जिलों को मिलाकर बनाया गया है। उदाहरण के लिए जोन-1 में कोयंबटूर और उसके पास के तिरुपुर, नीलगिरी, इरोड, करुर, सेलम और नमक्कल जिले शामिल हैं।
स्वास्थ्य विभाग द्वारा जारी निर्देशों के मुताबिक जिले के भीतर और जोन के अंदर एक जिले से दूसरे जिले में आने-जाने वाले व्यक्ति की कोविड-19 जांच की जरूरत नहीं होगी।
हालांकि, चेन्नई को छोड़कर एक जोन से दूसरे जोन में यात्रा करने और लक्षण सामने आने पर जांच की जाएगी।
विभाग ने कहा कि चेन्नई से अन्य जोन में जाने वाले सभी व्यक्तियों की जांच अनिवार्य है।
स्वास्थ्य विभाग ने कहा कि जिन लोगों की रिपोर्ट पॉजिटिव आएगी, उन्हें अस्पताल भेजा जाएगा जबकि निगेटिव रिपोर्ट आने पर सात दिनों के लिए गृह पृथकवास में रहना होगा।
सरकार ने कहा, ‘‘ कारोबार के सिलसिले में आने वाले और 48 घंटे में वापस लौटने वालों को पृथकवास के नियम से छूट मिलेगी लेकिन उन्हें वापसी के वैध दस्तावेज दिखाने होंगे।’’
राज्य सरकार ने कहा कि हवाई और रेलमार्ग के रास्ते से महाराष्ट्र, दिल्ली और गुजरात के सबसे अधिक संक्रमित स्थलों (हॉटस्पॉट) से आने वाले लोगों को सभी जांच कराने के बावजूद अनिवार्य रूप से ई-पास लेना होगा।
सरकार ने कहा कि दूसरे राज्यों से आने वाले लोगों के पॉजिटिव पाए जाने पर इलाज के लिए अस्पताल भेजा जाएगा। वहीं रिपोर्ट निगेटिव आने पर 14 दिनों के गृह पृथकवास या भुगतान आधारित पृथकवास केंद्र में रहना होगा।
इस बीच, दक्षिण रेलवे सोमवार से चार अंतरराज्यीय विशेष रेलगाड़ियों का परिचालन करेगा। रेलवे ने कहा कि एक जोन से दूसरे जोन की यात्रा करने वाले यात्रियों को तमिलनाडु सरकार से ई-पास लेना होगा।
दक्षिण रेलवे के मुताबिक वह कोयंबटूर- मइलाडुतुरै विशेष जनशताब्दी, मदुरै-विल्लुपुरम विशेष इंटरसिटी सुपरफास्ट , तिरुचिरापल्ली-नागरकोविल सुपरफास्ट और कोयंबटूर -कटपड़ी इंटरसिटी सुपरफास्ट विशेष रेलगाड़ी का परिचालन एक जून से शुरू करेगा।
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