देश की खबरें | नयी टीमें गठित करने से ज्यादा जरूरी है कार्रवाई करना :गोपाल राय ने प्रदूषण रोधी नये कानून पर कहा

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एनडीआरएफ/प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credits: ANI)

नयी दिल्ली, 29 अक्टूबर दिल्ली के पर्यावरण मंत्री गोपाल राय ने बृहस्पतिवार को कहा कि नयी टीमें और समितियां गठित करने से ज्यादा महत्वपूर्ण जमीनी स्तर पर सख्त कार्रवाई करना है।

दिल्ली-एनसीआर में वायु प्रदूषण की समस्या पर काबू पाने के प्रयासों के तहत बृहस्पतिवार को केंद्र एक अध्यादेश के जरिए नया कानून लेकर आया है, जो तुरंत प्रभाव से लागू हो गया। केंद्र के इस कदम के बाद राय की यह टिप्पणी आई है।

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कानून एवं न्याय मंत्रालय द्वारा जारी अध्यादेश के तहत ‘‘पर्यावरण प्रदूषण (रोकथाम एवं नियंत्रण) प्राधिकरण’’ (ईपीसीए) को भंग कर दिया गया है और इसकी जगह 20 सदस्यीय एक आयोग लेगा।

आयोग के पास वायु (प्रदूषण रोकथाम और नियंत्रण) कानून 1981, और पर्यावरण (संरक्षण) कानून 1986 जैसे मौजूदा कानूनों के तहत निवारण के लिए मामलों का स्वत: संज्ञान लेने, शिकायतों पर सुनवाई, आदेश जारी करने का अधिकार होगा ।

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इस घटनाक्रम पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए राय ने कहा, ‘‘नयी टीमें और समितियां गठित करने से कहीं अधिक महत्वपूर्ण है जमीनी स्तर पर सख्त कार्रवाई करना...इससे पहले उच्चतम न्यायालय ने ये शक्तियां ईपीसीए को दी थी। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) के पास भी यही शक्तियां थी। ’’

उन्होंने कहा, ‘‘हाल ही में हमनें देखा था कि नोएडा में कुछ कॉलोनियों को जेनरेटरों पर लगी पाबंदी में छूट दी गई थी। जब तक जमीनी स्तर पर कार्रवाई नहीं की जाती है, यह मायने नहीं रखता, भले ही आप कितनी भी समितियां क्यों ना बना लें।’’

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