देश की खबरें | राज्य सरकारें ओवरटाइम के बिना काम के तय समय में वृद्धि नहीं कर सकतीं, केंद्र ने संसदीय समिति से कहा

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. केंद्र के शीर्ष अधिकारियों ने सोमवार को एक संसदीय समिति को इस बात के संकेत दिए कि अतिरिक्त समय के लिए भुगतान किए बिना एक दिन में आठ घंटे से अधिक काम नहीं लिया जा सकता, जैसा कि कुछ राज्यों ने श्रम कानूनों को कमजोर करके करने का प्रयास किया है।

एनडीआरएफ/प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credits: ANI)

नयी दिल्ली, 20 जुलाई केंद्र के शीर्ष अधिकारियों ने सोमवार को एक संसदीय समिति को इस बात के संकेत दिए कि अतिरिक्त समय के लिए भुगतान किए बिना एक दिन में आठ घंटे से अधिक काम नहीं लिया जा सकता, जैसा कि कुछ राज्यों ने श्रम कानूनों को कमजोर करके करने का प्रयास किया है।

श्रम एवं रोजगार मंत्रालय के शीर्ष अधिकारियों ने सोमवार को बीजद सांसद भर्तृहरि महताब के नेतृत्व वाली श्रम मामलों की संसदीय स्थायी समिति को लॉकडाउन के दौरान राज्य सरकारों द्वारा श्रम कानूनों में किए गए बदलाव के बारे में जानकारी दी।

यह भी पढ़े | जम्मू- कश्मीर में भूकंप के झटके, तीव्रता 3.5 मापी गई: 20 जुलाई 2020 की बड़ी खबरें और मुख्य समाचार LIVE.

साथ ही महामारी के बीच प्रवासी श्रमिकों के सामने आई परेशानियों के बारे में भी बताया गया।

करीब नौ राज्यों ने श्रम कानूनों को कमजोर करके काम के घंटों को आठ से बढ़ाकर 12 घंटे करने का प्रस्ताव किया था लेकिन श्रमिक यूनियनों के साथ ही विभिन्न पक्षों की ओर से हुए विरोध के बाद इस फैसले को वापस ले लिया गया।

यह भी पढ़े | शिवसेना विधायक की मांग, सीएम उद्धव ठाकरे को राम मंदिर भूमि पूजन समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में आमंत्रित किया जाए.

श्रम मामलों पर संसद की स्थायी समिति ने विभिन्न राज्य सरकारों को पत्र लिखकर श्रम कानूनों को कमजोर करने के बाबत स्पष्टीकरण मांगा था।

समिति के एक सूत्र ने कहा कि महताब के नेतृत्व में समिति के सदस्यों ने केंद्र सरकार के अधिकारियों से श्रम कानूनों को कमजोर करने के संबंध में सवाल किए, विशेषकर काम के घंटे आठ से बढ़ाकर 12 किए जाने के बारे में पूछा गया।

समिति में शामिल सूत्रों ने पीटीआई- से कहा कि समिति के सवालों के जवाब में श्रम मंत्रालय के अधिकारियों ने बताया कि राज्य सरकारों द्वारा किए गए बदलावों को प्रस्तावित चार श्रम कोड के अनुसार होना चाहिए।

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)

Share Now

\