देश की खबरें | नाबालिग लड़कियों का यौन शोषण : अखबार मालिक समेत छह लोग पुलिस हिरासत में भेजे गए
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. नाबालिग लड़कियों के कथित यौन शोषण के तीन मामलों में स्थानीय अदालत ने भोपाल के एक समाचारपत्र के 68 वर्षीय मालिक को बृहस्पतिवार को दो दिन के लिए पुलिस हिरासत में भेज दिया। इस मुख्य आरोपी के पांच सहयोगियों को भी उसके साथ पुलिस हिरासत में भेजा गया जिनमें दो महिलाएं शामिल हैं।
इंदौर (मध्यप्रदेश), 15 अक्टूबर नाबालिग लड़कियों के कथित यौन शोषण के तीन मामलों में स्थानीय अदालत ने भोपाल के एक समाचारपत्र के 68 वर्षीय मालिक को बृहस्पतिवार को दो दिन के लिए पुलिस हिरासत में भेज दिया। इस मुख्य आरोपी के पांच सहयोगियों को भी उसके साथ पुलिस हिरासत में भेजा गया जिनमें दो महिलाएं शामिल हैं।
अभियोजन विभाग के एक अधिकारी ने बताया कि न्यायिक हिरासत के तहत जबलपुर के केंद्रीय कारागार में बंद प्यारे मियां उर्फ अब्बा (68) को पेशी (प्रोडक्शन) वॉरंट के आधार पर इंदौर लाया गया और विशेष न्यायाधीश रेणुका कंचन के सामने पेश किया गया।
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अभियोजन पक्ष ने अर्जी पेश कर विशेष अदालत से गुहार की कि नाबालिग लड़कियों के कथित यौन शोषण के तीन मामलों की जांच के संबंध में इंदौर की पलासिया पुलिस प्यारे मियां से पूछताछ करना चाहती है। अदालत ने अर्जी मंजूर करते हुए उसे शनिवार तक के लिये पलासिया पुलिस की हिरासत में भेज दिया।
इस बीच, शहर पुलिस अधीक्षक (सीएसपी) पूर्ति तिवारी ने बताया कि यौन शोषण मामले में अभियोजन की गुहार पर
विशेष अदालत ने प्यारे मियां के पांच सहयोगियों-गुलशन नईम, अनस, मोहम्मद ओवैस, स्वीटी विश्वकर्मा और राबिया बी को भी शनिवार तक के लिये पुलिस हिरासत में भेजा है।
उन्होंने बताया कि ये पांच आरोपी भोपाल के एक जेल में बंद थे और उन्हें पेशी वॉरन्ट पर इंदौर लाकर स्थानीय अदालत के सामने पेश किया गया था।
पुलिस के एक अन्य अधिकारी ने बताया कि नौकरी का झांसा देकर इंदौर में अलग-अलग समय पर तीन किशोरियों के यौन शोषण के आरोपों को लेकर भोपाल के समाचार पत्र मालिक प्यारे मियां और उसके पांच सहयोगियों के खिलाफ पलासिया पुलिस थाने में अगस्त के दौरान तीन अलग-अलग प्राथमिकियां दर्ज की गयी थीं।
उन्होंने बताया कि ये आपराधिक मामले यौन अपराधों से बच्चों का संरक्षण अधिनियम (पॉक्सो एक्ट) के साथ ही भारतीय दंड विधान की धारा 376 (दुष्कर्म) और अन्य संबद्ध प्रावधानों के तहत पंजीकृत किए गए थे।
अधिकारी ने बताया कि इन मामलों के आरोपी इंदौर के एक बंगले को शराबखोरी, अय्याशी और नाबालिग लड़कियों के यौन शोषण के लिये इस्तेमाल करते थे।
यौन शोषण के मामले सामने आने के बाद भोपाल से फरार प्यारे मियां को जम्मू-कश्मीर से जुलाई में गिरफ्तार किया गया था।
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