जरुरी जानकारी | आईटी, बैंक शेयरों में मुनाफावसूली से सेंसेक्स 78 अंक टूटा, निफ्टी भी कमजोर
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on Information at LatestLY हिन्दी. घरेलू शेयर बाजारों में मंगलवार को गिरावट आई और सीमित कारोबार में बीएसई सेंसेक्स 78 अंक के नुकसान में रहा। एशिया के अन्य बाजारों में कमजोर रुख तथा विदेशी संस्थागत निवेशकों (एफआईआई) की निकासी जारी रहने के बीच सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी) और बैंक शेयरों में मुनाफावसूली से बाजार में गिरावट रही।
मुंबई, 26 सितंबर घरेलू शेयर बाजारों में मंगलवार को गिरावट आई और सीमित कारोबार में बीएसई सेंसेक्स 78 अंक के नुकसान में रहा। एशिया के अन्य बाजारों में कमजोर रुख तथा विदेशी संस्थागत निवेशकों (एफआईआई) की निकासी जारी रहने के बीच सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी) और बैंक शेयरों में मुनाफावसूली से बाजार में गिरावट रही।
तीस शेयरों पर आधारित सेंसेक्स 78.22 अंक यानी 0.12 प्रतिशत की गिरावट के साथ 65,945.47 अंक पर बंद हुआ। कारोबार के दौरान एक समय यह 158.06 अंक लुढ़क गया था। सेंसेक्स के 14 शेयर नुकसान में जबकि 16 लाभ में रहे।
नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी भी 9.85 अंक यानी 0.05 प्रतिशत की गिरावट के साथ 19,664.70 अंक पर बंद हुआ।
सेंसेक्स के शेयरों में इंडसइंड सबसे ज्यादा 1.29 प्रतिशत के नुकसान में रहा। इसके अलावा टेक महिंद्रा, इन्फोसिस, एशियन पेंट्स, आईसीआईसीआई बैंक, कोटक महिंद्रा बैंक, टाइटन, इंडसइंड बैंक और बजाज फिनसर्व प्रमुख रूप से नुकसान में रहे।
दूसरी तरफ लाभ में रहने वाले शेयरों में नेस्ले इंडिया, टाटा स्टील, महिंद्रा एंड महिंद्रा, बजाज फाइनेंस, एचडीएफसी बैंक और टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (टीसीएस) शामिल हैं।
कोटक सिक्योरिटीज लि. के खुदरा शोध प्रमुख श्रीकांत चौहान ने कहा, ‘‘बाजार में कारोबार हल्का रहा। एशियाई और यूरोपीय बाजारों में कमजोर रुख के साथ कारोबार के ज्यादातर समय बाजार नुकसान में रहा। कारोबारियों ने अगले सप्ताह भारतीय रिजर्व बैंक की मौद्रिक नीति समीक्षा की घोषणा से पहले चुनिंदा मुनाफावसूली की। इसके अलावा डॉलर सूचकांक में मजबूती और ट्रेजरी प्रतिफल बढ़ने जैसे वैश्विक कारकों से धारणा प्रभावित हुई।’’
बीएसई में मझोली कंपनियों का सूचकांक ‘मिडकैप’ 0.09 प्रतिशत के नुकसान में रहा, जबकि छोटी कंपनियों का सूचकांक ‘स्मॉलकैप’ 0.33 प्रतिशत चढ़ा।
जियोजीत फाइनेंशियल सर्विसेज के शोध प्रमुख विनोद नायर ने कहा, ‘‘कारोबार स्थिर रहा। वैश्विक बाजारों में चुनौतियों और एफआईआई की लगातार बिकवाली से घरेलू निवेशक सतर्क नजर आये।’’
उन्होंने कहा, ‘‘छोटी कंपनियों के शेयरों में निचले स्तर पर लिवाली देखी गयी। इसका कारण बड़ी और मझोली कंपनियों के मुकाबले हाल में इन कंपनियों के शेयरों के मूल्यांकन में आया सुधार है। अमेरिकी केंद्रीय बैंक फेडरल रिजर्व के एक बार और नीतिगत दर में वृद्धि की आशंका से आईटी कंपनियों में गिरावट आई...।’’
एशिया के अन्य बाजारों में दक्षिण कोरिया का कॉस्पी, जापान का निक्की, चीन का शंघाई कम्पोजिट और हांगकांग का हैंगसेंग नुकसान में रहे।
यूरोपीय बाजारों में शुरुआती कारोबार में मिला-जुला रुख रहा। अमेरिकी बाजार में सोमवार को तेजी रही थी।
वैश्विक तेल मानक ब्रेंट क्रूड 0.79 प्रतिशत की गिरावट के साथ 92.55 डॉलर प्रति बैरल पर रहा।
शेयर बाजार के आंकड़ों के अनुसार, विदेशी संस्थागत निवेशकों (एफआईआई) ने सोमवार को 2,333.03 करोड़ रुपये मूल्य के शेयर बेचे।
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(The above story first appeared on LatestLY on Sep 26, 2023 05:54 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

