ताजा खबरें | दिल्ली हवाईअड्डे के टर्मिनल पर सुरक्षा, बोर्डिंग द्वारों के बीच दूरी से यात्री परेशान : संसदीय समिति

नयी दिल्ली, आठ अगस्त संसद की एक समिति ने कहा है कि दिल्ली हवाई अड्डे के टी3 टर्मिनल पर विमानों में जाने के लिए अनेक प्रवेश द्वार सुरक्षा द्वारों से बहुत दूर हैं और दोनों के बीच पर्याप्त बैटरी-चालित गाड़ियां नहीं चल रही हैं।

लोकसभा में सोमवार को प्रस्तुत संसद की प्राक्कलन समिति की रिपोर्ट में यह बात कही गयी।

समिति के सदस्यों ने पिछले साल 26 सितंबर को भारतीय विमान पत्तन प्राधिकरण (एएआई) और दिल्ली अंतरराष्ट्रीय विमान पत्तन लिमिटेड (डायल) के प्रतिनिधियों के साथ टी3 का दौरा किया था।

दिल्ली हवाई अड्डे का परिचालन जीएमआर समूह नीत डायल संचालित करता है। हवाई अड्डे पर तीन टर्मिनल हैं।

रिपोर्ट के अनुसार, ‘‘समिति ने पाया कि इस टर्मिनल (टी3) में कई बोर्डिंग द्वार सुरक्षा द्वारों से बहुत दूर थे जिससे यात्रियों को, विशेष रूप से बुजुर्गों, महिलाओं और बच्चों को बोर्डिंग द्वारों तक पहुंचने में कठिनाई होती है।’’

समिति ने कहा कि अंतिम क्षणों में बोर्डिंग द्वार बदलने से भी यात्रियों को असुविधा होती है क्योंकि उन्हें बहुत संक्षिप्त नोटिस पर लंबी दूरी तक चलना होता है।

इसमें कहा गया, ‘‘टी3 में बोर्डिंग द्वारों तक पहुंचने के लिए बैटरी चालित गाड़ियों की सुविधा है, हालांकि, टी3 पर बड़ी संख्या में यात्रियों के लिए इनकी संख्या बहुत कम है।’’

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