जरुरी जानकारी | सेबी ने म्यूचुअल फंड के लिये खुलासे को लेकर नई व्यवस्था दी
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on Information at LatestLY हिन्दी. बाजार नियामक सेबी ने बृहस्पतिवार को कहा कि म्यूचुअल फंड को निवेशकों को केवल उसी योजना से जुड़े जोखिम (रिस्क-ओ-मीटर), प्रदर्शन और पोर्टफोलियो ब्योरा की जानकारी देनी होगी, जिसमें उन्होंने निवेश किया है। इससे निवेशक को निवेश वाली योजनाओं के बारे में सटीक जानकारी मिलेगी और सूचना को लेकर उन पर बोझ कम होगा।
नयी दिल्ली, 29 अप्रैल बाजार नियामक सेबी ने बृहस्पतिवार को कहा कि म्यूचुअल फंड को निवेशकों को केवल उसी योजना से जुड़े जोखिम (रिस्क-ओ-मीटर), प्रदर्शन और पोर्टफोलियो ब्योरा की जानकारी देनी होगी, जिसमें उन्होंने निवेश किया है। इससे निवेशक को निवेश वाली योजनाओं के बारे में सटीक जानकारी मिलेगी और सूचना को लेकर उन पर बोझ कम होगा।
भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय यबोर्ड (सेबी) ने एक परिपत्र में कहा कि इस पहल का मकसद निवेशकों को सूचना के नाम पर जानकारी का बोझ दिये बिना योजनाओं से जुड़े जोखिम और उसके प्रदर्शन तथा पोर्टफोलियो के संदर्भ में खुलासा को और बेहतर बनाना है।
नई व्यवस्था एक जून, 2021 से प्रभाव में आएगी।
नियामक के अनुसार म्यूचुअल फंड को योजना के जोखिम के बारे में ग्राफ के रूप में जानकारी देने (रिस्क-ओ-मीटर) तथा मानक बताने की जरूरत होगी। साथ ही उन्हें योजना के प्रदर्शन के साथ मानक के बारे में खुलासा करना होगा।
कंपनियों को ई-मेल के जरिये योजना का ब्योरा पखवाड़े, मासिक और छमाही योजना स्टेटमेंट के साथ देना होगा।
निवेशकों को केवल उन्हीं योजनाओं के बारे जानकारी दी जाएगी और खुलासा किया जाएगा जिसमें उन्होंने निवेश कर रखा है।
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(The above story first appeared on LatestLY on Apr 29, 2021 08:49 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

