देश की खबरें | राठौड ने कांग्रेस के ईआरसीपी जनजागरण अभियान पर निशाना साधा

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. राजस्थान विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष राजेन्द्र राठौड ने ईआरसीपी को लेकर कांग्रेस के जन जागरण अभियान पर निशाना साधते हुए सोमवार आरोप लगाया कि इस योजना को अटकाने के लिए मुख्यमंत्री अशोक गहलोत और मध्यप्रदेश के तत्कालीन मुख्यमंत्री कमलनाथ दोषी हैं।

जयपुर, 16 अक्टूबर राजस्थान विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष राजेन्द्र राठौड ने ईआरसीपी को लेकर कांग्रेस के जन जागरण अभियान पर निशाना साधते हुए सोमवार आरोप लगाया कि इस योजना को अटकाने के लिए मुख्यमंत्री अशोक गहलोत और मध्यप्रदेश के तत्कालीन मुख्यमंत्री कमलनाथ दोषी हैं।

उन्होंने यहां भाजपा के प्रदेश मुख्यालय में संवाददाताओं से बातचीत में कहा इस योजना को अटकाने के लिए मुख्यमंत्री अशोक गहलोत और मध्यप्रदेश के तत्कालीन मुख्यमंत्री कमलनाथ दोषी हैं।

उन्होंने कहा कि राज्य सरकार इस परियोजना को 2051 में पूरा करने का दावा कर रही है और वह विधानसभा में 37 हजार करोड रुपये खर्च करने की घोषणा कर चुकी है लेकिन इसके बाद अब तक इस योजना के नाम पर कोई काम नहीं हुआ है। उन्होंने कहा कि राजस्थान के ‘सीएम’ मुख्यमंत्री नहीं बल्कि घोषणा मंत्री हैं।

उन्होंने कहा कि ईआरसीपी के लिए मुख्यमंत्री ने ईआरसीपी कॉरपोरेशन बनाकर 13 हजार करोड रुपये देने की बात कही लेकिन अब तक एक पैसा भी खर्च नहीं किया।

राठौड ने आरोप लगाया कि कमलनाथ ने ही सबसे पहले राजस्थान को अनापत्ति प्रमाण पत्र (एनओसी) देने पर एतराज जताया था, उसके बाद गहलोत ने राज्य के खर्च पर परियोजना शुरू करने की घोषणा की ओर अब तक सिवाय घोषणाओं के कुछ नहीं हुआ।

उन्होंने कहा कि राजस्थान में कानून व्यवस्था की स्थिति खराब है और पिछले छह माह में यहां सिर्फ 25 फीसदी मामलों को जांच के बाद अदालत तक ले जाया गया है।

उन्होंने आरोप लगाया कि पिछले पांच वर्षों में राजस्थान आर्थिक आपातकाल की स्थिति में पहुंच गया है, फलस्वरूप अब प्रदेश में कर्ज बढकर 5 लाख 37 हजार 13 करोड का हो गया है और गहलोत सरकार अक्टूबर से दिसम्बर की तिमाही के लिए 14 हजार करोड रूपए का कर्ज ले रही है।

राठौड ने राज्य सरकार पर योजनाओं के नाम पर आमजन को धोखा देने का आरोप भी लगाया।

उन्होंने कहा कि सरकार ने राजस्थान स्टेट पावर फाइनेंस एंड फाइनेंसियल सर्विस कॉरपोरेशन लिमिटेड में आवासन मंडल से एक हजार करोड रुपये, रीको से एक हजार करोड़ रुपये तथा आरटीडीसी से भी 1500 करोड रुपये लेकर राजनीतिक स्वार्थो की पूर्ति की जा रही है और मुख्यमंत्री ने अपनी छवि चमकाने के लिए आमजन के दो हजार करोड रुपये ‘डिजाइन बॉक्स’ को बांट दिए।

एक सवाल के जवाब में राठौड ने कहा कि भाजपा में टिकट वितरण के बाद बने हालात परिवार का आपस का मामला है और अधिकांश स्थानों पर इसे सुलझा लिया गया है।

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