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सटीक परिणाम नहीं आने पर राजस्थान ने रैपिड टेस्ट किट से जांच रोकी

मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कहा कि रैपिड टेस्टिंग किट से सटीक परिणाम नहीं आना दुर्भाग्यपूर्ण है और आईसीएमआर को मामले से अवगत करवाया गया है। आईसीएमआर से जवाब आने के बाद इस बारे में आगे कोई फैसला किया जाएगा।

सटीक परिणाम नहीं आने पर राजस्थान ने रैपिड टेस्ट किट से जांच रोकी
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जयपुर, 21 अप्रैल सटीक परिणाम नहीं आने के कारण राजस्थान सरकार ने कोरोना वायरस संक्रमण की जांच के लिए चीन में बनी ‘रैपिड टेस्टिंग किट’ का इस्तेमाल मंगलवार को रोक दिया। सरकार ने इस मामले से भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद (आईसीएमआर) को अवगत कराया है।

मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कहा कि रैपिड टेस्टिंग किट से सटीक परिणाम नहीं आना दुर्भाग्यपूर्ण है और आईसीएमआर को मामले से अवगत करवाया गया है। आईसीएमआर से जवाब आने के बाद इस बारे में आगे कोई फैसला किया जाएगा।

उन्होंने वीडियो कान्फ्रेंसिंग के जरिए संवाददाताओं से बातचीत में कहा,' इससे बड़ा दुर्भाग्य क्या होगा कि भारत सरकार जो किट मंगवा रही है वे किट सारे खराब (डिफेक्टिव) निकल रहे हैं। हमने मंगवाए 10000 किट वे भी उसी कंपनी के हैं। ये स्थिति बहुत ही दुर्भाग्यपूर्ण है।'

गहलोत ने कहा, ‘‘भारत सरकार को अब भी चाहिए कि हमें तैयारी युद्ध स्तर पर सावधानी पूर्व सोच समझकर करनी चाहिए। इस खबर ने हम सबको विचलित कर दिया है क्योंकि पीसीआर की क्षमता सीमित है।’’

इससे पहले पहले चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री रघु शर्मा ने कहा कि प्रदेश में कोरोना वायरस की वास्तविकता को जांचने के लिए ही रैपिड टेस्टिंग किट की मदद ली जा रही थी लेकिन किट के पूर्णतया कसौटी पर खरा नहीं उतरने के बाद प्रदेश में इस किट से जांच रोक दी गई है। उन्होंने बताया कि इसके बारे में आईसीएमआर को लिख दिया है। वहां से अनुकूल जवाब नहीं मिलने पर इन किट्स को वापस भी भेजा जा सकता है।

डॉ. शर्मा ने बताया कि रैपिड टेस्टिंग किट का प्रभाव जानने के लिए कमेटी बनाई थी। इन किट्स की एक्यूरेसी (शुद्धता) 90 प्रतिशत होनी चाहिए थी लेकिन कमेटी की रिपोर्ट के अनुसार एक्यूरेसी 5.4 प्रतिशत ही आ रही है। उन्होंने बताया कि टेस्टिंग के वक्त आईसीएमआर की तापमान सहित अन्य गाइडलाइन का पूर्णतया पालन किया गया था।

चिकित्सा मंत्री ने बताया कि चिकित्सकों की टीम ने सलाह दी है कि टेस्टिंग किट के इस्तेमाल से कोई फायदा नहीं है। ऐसे में रैपिड टेस्टिंग किट से जांच रोक दी गई है। रैपिड किट का इस्तेमाल फिलहाल प्रयोग के रूप में उन्हीं मामलों में किया गया था जिनमें रोगी जांच में संक्रमित मिला हो।

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(The above story first appeared on LatestLY on Apr 21, 2020 11:14 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).