देश की खबरें | पेगासस विवाद: शीर्ष अदालत का जांच आयोग गठन के खिलाफ याचिका पर केंद्र व बंगाल सरकार को नोटिस
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. उच्चतम न्यायालय ने बुधवार को उस याचिका पर केंद्र और पश्चिम बंगाल सरकार को नोटिस जारी किये जिसमें पेगासस जासूसी के आरोपों की तफ्तीश करने के लिए जांच आयोग गठित करने के राज्य सरकार के फैसले को चुनौती दी गयी है।
नयी दिल्ली, 18 अगस्त उच्चतम न्यायालय ने बुधवार को उस याचिका पर केंद्र और पश्चिम बंगाल सरकार को नोटिस जारी किये जिसमें पेगासस जासूसी के आरोपों की तफ्तीश करने के लिए जांच आयोग गठित करने के राज्य सरकार के फैसले को चुनौती दी गयी है।
प्रधान न्यायाधीश एनवी रमण, न्यायामूर्ति सूर्यकांत और न्यायामूर्ति अनिरूद्ध बोस की तीन सदस्यीय पीठ ने याचिका पर केंद्र और पश्चिम बंगाल सरकार को नोटिस जारी किये और इस मामले को 25 अगस्त को सुनवाई के लिए सूचीबद्ध कर दिया।
याची की ओर से पेश हुए वकील सौरभ मिश्रा ने पीठ से कहा कि उन्होंने राज्य सरकार द्वारा जांच आयोग के गठन के लिए जारी अधिसूचना को उसके अधिकार क्षेत्र के आधार पर चुनौती दी है।
पीठ ने कहा, “ हम नोटिस जारी कर रहे हैं।”
पश्चिम बंगाल सरकार ने शीर्ष अदालत के पूर्व न्यायाधीश न्यायामूर्ति मदन बी लोकुर और कलकत्ता उच्च न्यायालय के पूर्व मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति ज्योतिर्मय भट्टाचार्य को जांच आयोग का सदस्य बनाया है। इस आयोग के गठन की घोषणा राज्य सरकार ने पिछले महीने की थी।
अंतरराष्ट्रीय मीडिया के एक संघ ने खबर दी है कि भारत के 300 से ज्यादा सत्यापित फोन नंबर उस सूची में शामिल थे जिन्हें पेगासस स्पाईवेयर का इस्तेमाल कर निगरानी के लिए संभावित रूप से रखा गया था।
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