जरुरी जानकारी | ओईसीडी ने रियल एस्टेट का स्वामित्व दर्ज करने के लिए डिजिटल रजिस्टर का सुझाव दिया
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on Information at LatestLY हिन्दी. अघोषित संपत्तियों को छिपाने के लिए उनका विदेशी रियल एस्टेट में निवेश किए जाने की चिंताओं के बीच ओईसीडी ने देशों के बीच सूचनाओं के स्वचालित आदान-प्रदान का सुझाव दिया है।
नयी दिल्ली, नौ सितंबर अघोषित संपत्तियों को छिपाने के लिए उनका विदेशी रियल एस्टेट में निवेश किए जाने की चिंताओं के बीच ओईसीडी ने देशों के बीच सूचनाओं के स्वचालित आदान-प्रदान का सुझाव दिया है।
जी20 शिखर सम्मेलन से पहले पेरिस स्थित आर्थिक सहयोग और विकास संगठन (ओईसीडी) ने 'रियल एस्टेट पर अंतरराष्ट्रीय कर पारदर्शिता बढ़ाना' शीर्षक वाली रिपोर्ट में कहा कि इसके लिए डिजिटल स्वामित्व रजिस्टर बनाना चाहिए, जो प्रासंगिक सरकारी एजेंसियों को सीधे उपलब्ध हो।
गौरतलब है कि पिछले दशक में विदेशी स्वामित्व वाली रियल एस्टेट संपत्तियों में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है।
कर अनुपालन से बचने के लिए बहुत सारे फंड को विदेशी संपत्ति खरीदने के लिए स्थानांतरित कर दिया गया है।
ओईसीडी ने कहा कि कर प्रशासन के पास अक्सर अचल संपत्ति (और उससे होने वाली आय) के सीमा-पार स्वामित्व के बारे में सीमित जानकारी होती है।
रिपोर्ट के मुताबिक अल्पावधि में इच्छुक देश सूचनाओं के आदान-प्रदान के लिए मौजूदा अंतरराष्ट्रीय कानूनी और परिचालन साधनों के आधार पर आसानी से उपलब्ध सूचनाओं का आदान-प्रदान कर सकते हैं।
गौरतलब है कि भारत ने अपनी जी20 अध्यक्षता के दौरान ओईसीडी को एक रिपोर्ट तैयार करने के लिए आमंत्रित किया था, जो विदेशी स्वामित्व वाली अचल संपत्ति के बारे में कर पारदर्शिता के वर्तमान स्तर पर विचार करती है।
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