जरुरी जानकारी | जीडीपी अनुमान पर नीति आयोग के उपाध्यक्ष ने कहा, उद्योगों में अब दिख रहा है सुधार
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on Information at LatestLY हिन्दी. नीति आयोग के उपाध्यक्ष राजीव कुमार ने कहा है कि उद्योगों में अब सुधार दिख रहा है और सरकार के राजकोषीय उपायों से कोविड-19 महामारी के प्रभाव को कम करने में मदद मिलेगी।
नयी दिल्ली, आठ जनवरी नीति आयोग के उपाध्यक्ष राजीव कुमार ने कहा है कि उद्योगों में अब सुधार दिख रहा है और सरकार के राजकोषीय उपायों से कोविड-19 महामारी के प्रभाव को कम करने में मदद मिलेगी।
कुमार ने राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय (एनएसओ) द्वारा जारी राष्ट्रीय आय के पहले अग्रिम अनुमानों पर अपनी प्रतिक्रिया में शुक्रवार को यह बात कही। एनएसओ ने बृहस्पतिवार को चालू वित्त वर्ष में भारतीय अर्थव्यवस्था में 7.7 प्रतिशत की गिरावट का अनुमान लगाया है।
कुमार ने ट्वीट किया, ‘‘पहले अग्रिम अनुमान में अर्थव्यवस्था में 7.7 प्रतिशत की गिरावट का अनुमान लगाया गया है। हालांकि, उद्योगों में अब सुधार दिख रहा है।’’
उन्होंने कहा कि सरकार ने जो वित्तीय उपाय किए हैं उनसे महामारी के प्रभाव को कम किया जा सकेगा और 2020-21 में 134.40 लाख करोड़ रुपये का वास्तविक सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) हासिल किया जा सकेगा।
अग्रिम अनुमान के अनुसार चालू वित्त वर्ष में कृषि को छोड़कर अन्य सभी क्षेत्रों में गिरावट आने का अनुमान है।
एनएसओ के अनुसार, ‘‘वर्ष 2020-21 में 2011-12 के स्थिर मूल्यों पर वास्तविक जीडीपी 134.40 लाख करोड़ रुपये रहने का अनुमान है। वहीं वर्ष 2019-20 में जीडीपी का प्रारम्भिक अनुमान 145.66 लाख करोड़ रुपये रहा है। इस लिहाज से 2020-21 में जीडीपी में 7.7 प्रतिशत की गिरावट आएगी जबकि इससे पिछले साल (2019- 20) में जीडीपी में 4.2 प्रतिशत वृद्धि दर्ज की गई थी।
चालू वित्त वर्ष में विनिर्माण क्षेत्र में 9.4 प्रतिशत की गिरावट आने का अनुमान है। वहीं 2019-20 में विनिर्माण क्षेत्र की वृद्धि दर लगभग स्थिर (0.03 प्रतिशत) रही थी।
एनएसओ का अनुमान है कि चालू वित्त वर्ष में खनन और संबद्ध क्षेत्रों तथा व्यापार, होटल, परिवहन, संचार और प्रसारण से संबंधित सेवाओं में क्रमश: 12.4 प्रतिशत और 21.4 प्रतिशत की गिरावट आएगी।
इसी तरह निर्माण क्षेत्र में भी 12.6 प्रतिशत की गिरावट आने का अनुमान है। आंकड़ों के अनुसार लोक प्रशासन, रक्षा और अन्य सेवाओं में 3.7 प्रतिशत की गिरावट आएगी। वहीं वित्तीय, रियल एस्टेट और पेशेवर सेवाओं में 0.8 प्रतिशत की गिरावट आने का अनुमान है।
हालांकि, 2020-21 में कृषि, वन और मत्स्यपालन की वृद्धि दर 3.4 प्रतिशत रहने का अनुमान है जबकि 2019-20 में इस क्षेत्र की वृद्धि दर 4 प्रतिशत रही थी।
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(The above story first appeared on LatestLY on Jan 08, 2021 07:16 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

