विदेश की खबरें | नाइजीरिया : इस्लामी विद्रोहियों ने 11 किसानों की हत्या की, खाद्य आपूर्ति को लेकर संकट गहराया
श्रीलंका के प्रधानमंत्री दिनेश गुणवर्धने

विश्लेषकों ने ऐसे हमलों की हालिया घटनाओं के मद्देनजर कहा कि ये घटनाएं पहले से ही बुरी तरह प्रभावित क्षेत्र में खाद्य आपूर्ति को नुकसान पहुंचा सकती हैं।

इलाके के निवासी डौडा इब्राहिम के मुताबिक, विद्रोहियों ने रविवार शाम को बोरनो राज्य के येरे जिले में अपने खेतों पर काम कर रहे किसानों पर हमला कर दिया और उनके सर कलम कर दिए। फिर वे गोलबारी कर दूसरों को घायल करते हुए भाग गए।

डौडा ने कहा, ''मारे गए किसानों में से करीब छह लोग एक ही परिवार के सदस्य थे।''

बोरनो पुलिस के प्रवक्ता दासो नाहुम ने हमले की पुष्टि की लेकिन यह कहते हुए ज्यादा जानकारी देने से इंकार कर दिया कि हालात का जायजा लेने के लिए पुलिस प्रमुख राज्य के इलाके में मौजूद हैं।

संयुक्त राष्ट्र के विश्व खाद्य कार्यक्रम के मुताबिक, इस तरह के हमलों ने संकटग्रस्त क्षेत्र में भुखमरी के खतरे को और बढ़ा दिया है। इस संकटग्रस्त क्षेत्र में 44 लाख लोग पहले से भुखमरी का सामना कर रहे हैं।

बोरनो राज्य में किसानों पर ऐसे हमले अक्सर होते हैं, जहां इस्लामी चरमपंथी विद्रोहियों ने पश्चिमी शिक्षा के खिलाफ लड़ने और क्षेत्र में इस्लामी शरिया कानून स्थापित करने के लिए 2009 में विद्रोह शुरू किया था।

नाइजीरिया में संयुक्त राष्ट्र एजेंसियों के अनुसार, बोको हराम समूह और इस्लामिक स्टेट समर्थित एक अलग गुट की हिंसा के कारण कम से कम 35,000 लोग मारे गए हैं और 20 लाख से अधिक लोग विस्थापित हुए हैं।

2020 में जेरे में एक हमले में 100 से अधिक किसान मारे गए थे और तब से यह सिलसिला जारी है, जिससे कृषि समुदायों के कई लोग सुरक्षा के लिए अन्यत्र जाने को मजबूर हो गए हैं। जब विद्रोही उन पर हमला करते हैं तो वे अक्सर अपर्याप्त सुरक्षा उपस्थिति और सुरक्षा बलों की धीमी प्रतिक्रिया की शिकायत करते हैं।

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