जरुरी जानकारी | नये 'इकनॉमी' एसी-3 कोच ने पहले साल 231 करोड़ रुपये कमाए, एसी-3 की आय पर असर नहीं
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on Information at LatestLY हिन्दी. रेलवे को नये ‘इकनॉमी’ एसी-3 कोच से पहले साल 231 करोड़ रुपये की कमाई हुई है। साथ ही आंकड़ें बताते हैं कि इन कोच की शुरुआत से सामान्य एसी-3 श्रेणी से होने वाली कमाई पर कोई असर नहीं पड़ा है।
नयी दिल्ली, 21 सितंबर रेलवे को नये ‘इकनॉमी’ एसी-3 कोच से पहले साल 231 करोड़ रुपये की कमाई हुई है। साथ ही आंकड़ें बताते हैं कि इन कोच की शुरुआत से सामान्य एसी-3 श्रेणी से होने वाली कमाई पर कोई असर नहीं पड़ा है।
‘इकनॉमी’ एसी-3 कोच सस्ती वातानुकूलित रेल यात्रा सेवा है। इसकी शुरुआत शयनयान श्रेणी के यात्रियों को ‘सबसे अच्छी और सबसे सस्ती एसी यात्रा’ सेवा मुहैया कराने के लिए हुई थी। इन कोच का किराया सामान्य एसी-3 सेवा के मुकाबले 6-7 प्रतिशत तक कम है।
आंकड़ों से पता चलता है कि 21 लाख से अधिक लोगों ने एसी-3 टियर इकनॉमी श्रेणी से यात्रा की, जिससे रेलवे को अगस्त, 2021 से अगस्त, 2022 के बीच 231 करोड़ रुपये की कमाई हुई।
अधिकारियों ने कहा कि इन कोच की शुरुआत रेलवे के लिए मुश्किल थी, क्योंकि यह सुनिश्चित करना था कि किराया बहुत अधिक न हो। इस बात को भी ध्यान में रखना था कि किराया बहुत कम भी न हो, क्योंकि ऐसे में अत्यधिक लाभदायक एसी-3 टियर में नुकसान होने लगेगा।
अप्रैल-अगस्त, 2022 के दौरान नए इकनॉमी कोच से 15 लाख लोगों ने यात्रा की और इससे 177 करोड़ रुपये की कमाई हुई।
रेलवे अधिकारियों ने कहा कि ऐसा लगता है कि प्रयोग सफल रहा है। इस दौरान सामान्य एसी-3 श्रेणी में यात्रियों की संख्या में कोई कमी नहीं हुई है।
समान अवधि में सामान्य एसी-3 श्रेणी से रेलवे को 8,240 करोड़ रुपये का राजस्व मिला।
नये एसी-3 इकनॉमी श्रेणी के कोचों में 83 सीट हैं, जबकि सामान्य एसी-3 कोच में 72 सीटें होती हैं। सामान्य एसी-3 कोचों में दो साइड बर्थ होती हैं, जिन्हें नए कोच में बढ़ाकर तीन कर दिया गया है। अधिकारियों ने कहा कि रेलवे ने अब तक 370 ऐसे डिब्बों को यात्रा सेवाओं में शामिल किया है।
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